उत्तर प्रदेश के अमेठी में बछड़े के जन्म पर एक अनोखी पहल सामने आई है। यहां एक गांव में बछड़ा पैदा होने की खुशी में जश्न मनाने की तैयारी की जा रही है। मेहमानों को बकायदे कार्ड छपवाकर न्योता भी दिया गया है। बताया जा रहा है कि इस दौरान करीब 20 हजार लोगों के भोजन की व्यवस्था की गई है। बछड़े का जन्मोत्सव 24 जनवरी को मनाया जाएगा और इस दौरान भंडारे और नौटंकी कार्यक्रम भी होगा।
बता दें कि अमेठी जिले के पूरे चंदईपुर गांव निवासी विनोद कुमार सिंह उर्फ झवेले सिंह पेशे से किसान हैं। बताया जा रहा है कि 16 जनवरी को गाय ने एक बछड़े को जन्म दिया तो झवेले सिंह ने इसकी ख़ुशी में जश्न मनाने का ऐलान किया है। झवेले सिंह ने बताया, “लोग गाय की पूजा करते हैं, उसका दूध पीते हैं या बेचते हैं, लेकिन बछड़ा होने पर उसे कटने मरने के लिए सड़कों पर बेसहारा छोड़ देते हैं। यह उनके लिए सबक है, जो यह समझते हैं कि यह गोवंश हमारे लिए भार हैं। जब हमारे घर में बच्चा होता है तो हम खुशियां मनाते हैं तो फिर गोमाता के संतान उत्पत्ति पर क्यों परेशान होकर उसे मरने के लिए छोड़ दें। इसी सोच को बदलने की जरूरत है।” इस दौरान कई जगहों पर गोवंश निकासन समारोह के नाम से पोस्टर लगाए गए हैं।
गौरतलब है कि झवेले सिंह के पास दो गाय हैं, जिनमें से एक गाय ने बछड़े को जन्म दिया था। जिसके बाद घर में सोहरे और बधाई गीत संगीत का आयोजन कर खुशियां मनाई गईं। यही नहीं बाकायदा पंडित को बुलाकर शुभ मुहूर्त निकाला गया। निकासन (जन्मोत्सव) की तारीख तय की गई। आसपास के कई गांवों में जाकर निमंत्रण दिया गया। बताया जा रहा है कि वैदिक मंत्रोच्चार के साथ कल समारोह शुरू होगा, जो कि भोजन के साथ रात्रि में लोक संगीत और नौटंकी के साथ खत्म होगा।

