बरसों पहले आई मशहूर फिल्म ‘शोले’ और इस फिल्म का कैरेक्टर ‘गब्बर’ आज भी लोगों के जेहन में ताजा है। लेकिन आज हम इस फिल्म की नहीं बल्कि 2 ऐसे बदमाशों की बात कर रहे हैं जिन्होंने इस फिल्म को देखने के बाद ‘गब्बर’ की तरह खूंखार बनने का फैसला कर लिया। इस सनक में इन्होंने कई अपराध किये और अब कानून इनसे इनके जुर्म का हिसाब-किताब कर रही है।
सेंट्रल दिल्ली में राहुल पारचा उर्फ विश्वास और दिनेश उर्फ सन्नी उर्फ काले का आतंक पिछले कई दिनों से था। सन्नी भजनपुरा का और राहुल पूर्वी दिल्ली के त्रिलोकपुरी का रहने वाला था।
एक खास बात यह भी है कि ‘गब्बर’ की तरह ही यह दोनों भी लूटपाट किया करते थे और खुद को ‘शोले’ के जय-वीरू से भी ज्यादा खतरनाक समझते थे। इस बात का खुलासा खुद दिल्ली पुलिस के उस सब-इंस्पेक्टर ने मीडिया से किया जो इन दोनों को पकड़ने वाली टीम का हिस्सा थें।
दिल्ली के कॉनट प्लेस, लाजपत नगर, मंदिर मार्ग, न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी समेत कई इलाकों में इन दोनों ने कई अपराध को अंजाम दिये थे। इन सभी इलाकों के अलग-अलग थानों में इनके खिलाफ केस भी दर्ज था।
पुलिस के लिए सिरदर्द बन चुके इन दोनों बदमाशों को पकड़ने के लिए करोल बाग पुलिस की एक टीम बनाई गई थी। इस टीम ने पहले इन दोनों का कई दिनों तक पीछा किया। करोल बाग इलाके में ही यह दोनों मोटरसाइकिल से पुलिस को चकमा देकर भागने के चक्कर में धरे गए। पुलिस ने इनके पास से 2 पिस्तौल और जिंदा कारतूस बरामद किये हैं।
इनकी गिरफ्तारी से राष्ट्रीय राजधानी के विभिन्न थानों में दर्ज करीब 17 सनसनीखेज मामलों का खुलासा हुआ है। पुलिस के मुताबिक दोनों का मन पढ़ाई में बिल्कुल भी नहीं लगता था। राहुल ने 12वीं की पढ़ाई भी पूरी नहीं की। पढ़ाई छोड़ने के बाद उसने कुछ दिन रेहड़ी-ठेला लगाया, मगर मेहनत करने के चलते उसका मन इस काम में नहीं लगा।
इसके बाद राहुल ने अपने साथी के साथ मिलकर अपराध की दुनिया में कदम रख दिया। इन लोगों ने तय किया था कि वो ‘गब्बर सिंह’ की तरह लूटपाट मचाएंगे। लेकिन कहते हैं कि जुर्म के पांव ज्यादा मजबूत नहीं होते। इन दोनों ने कुछ समय तक जरुर आपराधिक घटनाओं को अंजाम दिया लेकिन अब इनके पकड़े जाने के बाद पुलिस ने भी राहत की सांस ली है।

