दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन की बेटी सौम्या जैन ने ‘मोहल्ला क्लीनिक’ के प्रमुख और एडवाइजर बनाए जाने के बाद गुरुवार (14 जुलाई) को अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। सौम्या ने यह कदम उनकी नियुक्ति पर हुए बवाल के बाद उठाया। कांग्रेस और बीजेपी दोनों ने ही सौम्या की नियुक्ति को भाई-भतीजावाद का उदाहरण बताया था।
26 साल की सौम्या जिन्होंने आर्किटेक्ट की पढ़ाई की है उन्हें स्वास्थ संबंधी कामों में बिल्कुल भी अनुभव नहीं था। इस वजह से ही विवाद पैदा हुआ था।
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कांग्रेस की तरफ से संदीप दीक्षित ने इसे गैरकानूनी करार दिया था। इससे पहले दिल्ली प्रदेश भाजपा ने सौम्या जैन की नियुक्ति रद्द करने की मांग करते हुए केजरीवाल सरकार से पूछा था कि क्या अन्य समकक्ष पात्रों को भी मौका दिया गया है, और क्या मंत्री पुत्री को स्वास्थ्य विभाग से कोई पैसा मिलता है या नहीं।
मोहल्ला क्लीनिक दिल्ली सरकार का प्रोजेक्ट है। इसमें लोगों को फ्री इलाज देने की बात कही गई है। ऐसे लगभग 100 क्लीनिक फिलहाल चल रहे हैं।
