उत्तर प्रदेश में समलैंगिक शादी का एक मामला सामने आया है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक कानपुर की रहने वाली एक लड़की को अपनी मौसी की बेटी से ही प्यार हो गया, जिसके बाद दोनों ने वैवाहिक संबंध बनाने का फैसला लिया। इसके बाद दोनों ने बनारस के मंदिर में एक-दूसरे से शादी कर ली। जींस-टीशर्ट पहने हुए मोहनसराय स्थित घांगलवीर बाबा मंदिर पहुंची दोनों युवतियों ने पुजारी से शादी कराने की अपील की तो वे चौंक गए। हालांकि बाद में उन्होंने पारंपरिक रस्मों के साथ शादी संपन्न कराई, हालांकि अभी दोनों की शादी का पंजीयन नहीं किया गया। दोनों को देखने के लिए मंदिर में लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी।
यूं परवान चढ़ा दोनों का प्यारः मीडिया रिपोर्ट्स में मंदिर के पुजारी के हवाले से दावा किया गया कि एक युवती कानपुर और दूसरी वाराणसी की रहने वाली है। कानपुर की युवती सुंदरपुर में अपनी मौसी के यहां रहकर पढ़ाई करती थी। इसी दौरान उसे अपनी मौसी की बेटी से प्यार हो गया। धीरे-धीरे दोनों का प्यार परवान चढ़ा और उन्होंने शादी करने का फैसला ले लिया। दोनों ने शादी के बाद सोशल मीडिया पर तस्वीरें भी पोस्ट कीं, जो तेजी से वायरल हो रही हैं। विवाहस्थल पर मौजूद लोगों में भी यह चर्चा का विषय बना रहा।
सभी रस्मों के साथ हुआ विवाहः पुजारी को मनाने के बाद शादी की रस्में शुरू हुईं। दोनों ने जयमाल, सिंदूर लगाने, मंगलसूत्र पहनाने जैसी तमाम रस्में पूरी कीं। इसके बाद दोनों ऑटो में बैठकर वहां से चली गईं। बता दें कि समलैंगिक संबंधों को अपराध मानने वाली धारा 377 को रद्द किया जा चुका है। भारत में समलैंगिक शादियों के तो कई मामले सामने आ चुके हैं लेकिन दो बहनों के आपस में शादी करने का यह संभवतः पहला मामला बताया जा रहा है। फिलहाल दोनों के परिजनों और रिश्तेदारों की तरफ से इस शादी पर कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आ पाई है।

