देश की राजधानी नई दिल्ली से सटे हरियाणा के गुरुग्राम में तीन साल की मासूम के साथ बर्बरता से बलात्कार कर उसकी हत्या कर दी गई। दरिंदे ने बच्ची के गुप्तांग में लकड़ी डाल दी थी, जिसके बाद उसने पत्थर से मासूम का सिर कुचल दिया था। वारदात के बाद वह उसकी लाश (नग्न अवस्था में) वहीं छोड़कर फरार हो गया। सोमवार (12 नवंबर) सुबह घर से तकरीबन 300 मीटर दूर भूसा रखने वाली जगह के पास खून से लथ-पथ उसके शव पर लोगों की निगाह पड़ी तो उन्होंने फौरन पुलिस को जानकारी दी, जिसके बाद यह मामला सामने आया।

‘टीओआई’ की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने आरोपी की पहचान उत्तर प्रदेश निवासी सुनील (20) के रूप में की। वह दिहाड़ी मजदूरी करता है। वह पास में दो बहनों के साथ रहता है, जबकि मृतका मूलरूप से पश्चिम बंगाल की थी। कुछ दिन पहले ही उसका काम की तलाश में गुरुग्राम आया था, जिसके बाद वह रविवार (11 नवंबर) दोपहर से गायब थी। आरोपी की दरिंदगी के कारण उसके गुप्तांग में लड़की का टुकड़ा टूट गया था, जिसे पोस्टमार्टम कर निकाला गया।

बच्ची सेक्टर-66 के पास झुग्गियों में रहती थी, जिसके पास में ही एक जगह पर गाय-भैंसों के लिए भूसा रखा जाता है। घटना के बाद वहीं से उसका शव बरामद हुआ था। पुलिस के अनुसार, बच्ची घर के बाहर खेल रही होगी, तभी आरोपी ने आकर उसे बहलाया-फुसलाया होगा। यह भी स्पष्ट नहीं हो सका है कि बलात्कार के पहले उसे कुछ खिला-पिलाकर बेहोश किया गया था नहीं, जबकि वारदात के वक्त किसी ने उसके चीखने-चिल्लाने की आवाज भी न सुनी।

रविवार शाम काम से लौटने पर परिजन को वह गायब मिली, जिसके बाद उन्होंने उसे खूब तलाशा। वह न मिली, तो अगले दिन पुलिस में शिकायत दी। सोमवार को वे लोग बच्ची को आसपास के इलाके में खोज रहे थे, उसी दौरान एक पड़ोसी की नजर भूसे वाली जगह पर पड़ी, जहां मासूम का शव भी खून से सना पड़ा था। वे लोग उसे देखकर हैरान रह गए और फौरन उन्होंने पुलिस को उसकी सूचना दी। सेक्टर-65 पुलिस थाने के पुलिसकर्मियों ने मौके पर आकर जांच-पड़ताल की। उनके साथ फॉरेंसिक टीम और कुछ वरिष्ठ अधिकारी भी साथ थे। पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा 302 (हत्या) और प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रेन फ्रॉम सेक्सुअल ऑफेंसेज एक्ट (पॉक्सो एक्ट) की धारा 4 (यौन शोषण) के तहत मामला दर्ज किया है।