Bihar Board BSEB 10th Result 2019: पहली बार बिहार बोर्ड की ओर से परीक्षा के 44 दिन के अंदर ही कक्षा 12वीं का रिजल्ट घोषित किया गया है। बता दें कि इस साल 79.76% छात्र पास हुए हैं। कक्षा 12वीं के रिजल्ट सामने आने के बाद से ही कक्षा 10 के रिजल्ट को लेकर सभी की उत्सुकता बढ़ गई है। ऐसे में सोशल मीडिया पर 5 अप्रैल को रिजल्ट घोषित होने की बात भी सामने आ रही है। लेकिन क्या है 5 अप्रैल को रिजल्ट सामने आने का सच ?
बिहार स्कूल शिक्षा बोर्ड ने दिया बयान: दरअसल 12वीं के रिजल्ट सामने आने के बाद से ही सोशल मीडिया पर 5 अप्रैल को 10वीं के रिजल्ट सामने आने की बात आ रही है। लेकिन इस बारे में खुद बिहार स्कूल शिक्षा बोर्ड (BSEB)ने बयान दिया है। BSEB के अधिकारियों ने इस तारीख पर रिजल्ट के ऐलान होने का खंडन किया और कहा कि यह खबर पूरी तरह से फेक है। छात्र फिल्हाल ऐसी किसी भी तारीख पर यकीन न करें। इसके साथ ही अधिकारियों ने कहा कि अभी कोई भी तारीख तय नहीं हुई है। जब भी तारीख का फैसला होगा उसका ऑफिशियल नोटिफिकेशन आधिकारिक वेबसाइट पर जारी किया जाएगा। इसलिए छात्र इंतजार करें और ऐसी फेक न्यूज से बचें।
.National Hindi News, 2 April 2019 LIVE Updates: पढ़ें आज के सभी बड़े अपडेट्स
करीब 16 लाख छात्रों का होगा फैसला: बता दें कि इस बार बिहार बोर्ड की ओर से कक्षा 10वीं की परीक्षा में 16.60 लाख छात्र शामिल हुए थे। वहीं कक्षा 12वीं में 13 लाख छात्रों ने परीक्षा दी थी। गौरतलब है कि बिहार बोर्ड की ओर से 12वीं कक्षा की परीक्षा के बाद 28 दिन में ही पेपर की जांच पूरी कर ली गई थी। इसके साथ ही 44 दिन के अंदर ही नतीजे भी घोषित कर दिए गए थे। बता दें कि 12वीं कक्षा की परीक्षा 16 फरवरी को समाप्त हो गई थी।
12वीं कक्षा के बिहार बोर्ड का नतीजा: बात अगर 12वीं कक्षा के नतीजों की करें तो इस बार कुल 79.76 प्रतिशत छात्र पास हुए हैं। जिसमें आर्ट्स स्ट्रीम के 76.5 प्रतिशत, कॉमर्स स्ट्रीम के 93.02 प्रतिशत और साइंस स्ट्रीम के 81.02 प्रतिशत छात्र शामिल हैं।
कौन हैं टॉपर्स: बता दें कि आर्ट्स स्ट्रीम में रोहिणी रानी और मनीष कुमार ने टॉप किया है। दोनों के ही 92.6 प्रतिशत अंक हैं। आर्ट्स की तरह ही साइंस में भी दो टॉपर्स सामने आए हैं जिनके नाम हैं- रोहिणी नालंदा और पवन कुमार। बता दें कि दोनों के ही 94.6 प्रतिशत अंक रहे। वहीं कॉमर्स ने सत्यम कुमार के 94.4 प्रतिशत और सोनू कुमार के 94 प्रतिशत अंक रहें। गौरतलब है कि इस बार बिहार बोर्ड ने सभी आंसर कॉपीज के लिए ओएमआर शीट्स और बार कोडिंग का इस्तेमाल किया था।

