कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बुधवार को कहा कि अमेठी उनका घर-परिवार है और वह इसे कभी नहीं छोड़ेंगे। अमेठी लोकसभा सीट से हाल में मिली पराजय के बाद पहली बार यहां पहुंचे राहुल ने पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ समीक्षा बैठक में कहा कि अमेठी उनका घर है और वह इसका दामन कभी नहीं छोड़ेंगे। बैठक में शामिल युवक कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष नदीम अशरफ जायसी के मुताबिक राहुल ने कहा कि अमेठी मेरा घर-परिवार है। मैं अमेठी नहीं छोडूंगा। मैं व प्रियंका गांधी यहां आते रहेंगे। बकौल जायसी, राहुल ने कहा कि अमेठी का विकास बाधित नहीं होने दिया जाएगा। मैं वायनाड का सांसद हूं, मगर अमेठी से हमारा तीन पीढ़ियों का रिश्ता है। मैं अमेठी की लड़ाई दिल्ली में लड़ता रहूंगा।

बैठक में शामिल रहे प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य डॉक्टर नरेंद्र मिश्र के मुताबिक राहुल ने बैठक में कहा कि लोकसभा चुनाव में कार्यकर्ताओं ने काम किया पर स्थानीय नेता जनता से दूर रहे। इसी वजह से यहां उनकी हार हुई। बहरहाल, चुनाव में हार-जीत होती रहती है। इससे घबराने की जरूरत नहीं है। आप लोग जनता से जुड़ें, सब ठीक हो जाएगा।

मिश्र के मुताबिक राहुल ने पार्टी पदाधिकारियों के साथ गहन मंथन किया और कार्यकर्ताओं की बातें बेहद संजीदगी से सुनीं। उन्होंने बताया कि कांग्रेस के जिला स्तर से लेकर बूथ स्तर तक के कार्यकर्ताओं ने अपनी बात राहुल के सामने रखी। अधिकतर कार्यकर्ताओं ने संगठन की कमजोरी और प्रशासन द्वारा धांधली कराए जाने का आरोप लगाया।