दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को कोर्ट में टेरी के कार्यकारी उपाध्यक्ष आरके पचौरी के खिलाफ आरोपपत्र दायर किया। पुलिस ने पचौरी पर महिला का शीलभंग करने, यौन उत्पीड़न करने, पीछा करने और धौंस जमाने का आरोप लगाया है। 1400 पन्ने से अधिक का आरोपपत्र मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट शिवानी चौहान की अदालत में दायर किया गया। उन्होंने इसपर विचार करने के लिए 23 अप्रैल की तारीख तय की है। पुलिस ने 23 लोगों को अभियोजन पक्ष का गवाह बनाया है। उनमें से कई टेरी के मौजूदा और पूर्व कर्मचारी हैं।
पचौरी पर आइपीसी की धारा 354 (स्त्री की लज्जा भंग करने की मंशा से उसपर हमला या आपराधिक बल प्रयोग), धारा 354 ए (यौन उत्पीड़न), धारा 354 (डी) (पीछा करना), धारा 506 (आपराधिक धमकी) और धारा 509 (शब्द, अंगविक्षेप या कार्य जो किसी स्त्री की लज्जा का अनादर करने को आशयित है) के तहत मामला दर्ज किया गया है। दिल्ली हाई कोर्ट में हाल में दायर अपनी रिपोर्ट में पुलिस ने कहा है कि पीड़िता को अदालत के बाहर समझौता करने का प्रस्ताव दिया गया है। स्थिति रिपोर्ट उस मामले में दायर की गई थी जिसमें पीड़िता ने निचली अदालत से पचौरी को दी गई अग्रिम जमानत रद्द करने की मांग की है। पचौरी को इस मामले में पिछले साल 21 मार्च को अग्रिम जमानत दी गई थी।
