झारखंड के रामगढ़ लिंचिंग (पीट-पीटकर हत्या) मामले में आठ दोषियों को हाईकोर्ट से जमानत मिलने पर माला पहनाकर स्वागत करने के मामले में केंद्रीय मंत्री जयंत सिन्हा लगातार विरोधियों और आलोचकों का निशाना बन रहे हैं। इसी कड़ी में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के द्वारा निशाने बनाए जाने पर उन्होंने सोशल मीडिया के जरिये उन्हें लाइव टीवी बहस की चुनौती दी है। माला प्रकरण पर उन्होंने बाद में खेद भी व्यक्त किया था लेकिन गुरुवार (12 जुलाई) अपने सोशल प्लेटफॉर्म्स पर लिखे अपने नोट के एक हिस्से में उन्होंने कहा है, ”श्री राहुल गांधी जी ने मेरी व्यक्तिगत आलोचना की है। उन्होंने मेरी शिक्षा, मेरे मूल्यों और मेरी मानवता की निंदा की है और प्रश्न चिन्ह लगाए हैं। मैं उन्हें रामगढ़ लिंचिंग मामले पर हिंदी या अंग्रेजी में एक लाइव बहस के लिए चुनौती देता हूं। अगर वो सोचते हैं कि मेरा व्यक्तिगत आचरण ‘घृणास्पद’ है तो इस मुद्दे पर सभ्यतापूर्वक बहस करें। अपने सोशल मीडिया हैंडल के पीछे छिपकर शूट-एंड-स्कूट की राजनीति न करें। इस महान गणतंत्र के लिए यही सही है। जय हिन्द।”
मैं श्री @RahulGandhi जी को लाइव बहस के लिए आमंत्रित करता हूँ। pic.twitter.com/hYScHTdeVy
— Jayant Sinha (@jayantsinha) July 12, 2018

बता दें कि इंटरनेट पर जयंत सिन्हा के खिलाफ एक याचिका चल रही हैं, जिसमें मांग की गई है कि हार्वर्ड यूनिवर्सिटी केंद्रीय मंत्री से भूतपूर्व छात्र का दर्जा छीन ले। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने जयंत सिन्हा के खिलाफ इस ऑनलाइन याचिका का लिंक शेयर कर लोगों से समर्थन की अपील की थी। राहुल गांधी ने इस पर लिखा था, ”अगर आपको एक निर्दोष व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या के दोषियों को बहुत पढ़े-लिखे सांसद और केंद्रीय मंत्री जयंत सिन्हा द्वारा माला पहनाने और सम्मान देने के दृश्य से नाराजगी हैं तो इस लिंक पर क्लिक करें और इस याचिका का समर्थन करें।”
If the sight of a highly educated MP & Central Minister, Jayant Sinha, garlanding & honouring criminals convicted of lynching an innocent man, fills you with disgust, click on the link & support this petition.
Sign Petition:https://t.co/K9CrzHbNOz via @ChangeOrg_India
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) July 10, 2018
बता दें कि इस मामले में जयंत सिन्हा अपने पिता और पूर्व बीजेपी नेता और केंद्रीय मंत्री यशवंत सिन्हा की नाराजगी के भागी बने। यशवंत सिन्हा ने एक ट्वीट कर उन्हें नालायक बेटा तक करार दे दिया था।
Earlier I was the Nalayak Baap of a Layak Beta. Now the roles are reversed. That is twitter. I do not approve of my son’s action. But I know even this will lead to further abuse. You can never win.
— Yashwant Sinha (@YashwantSinha) July 7, 2018

