प्रधानमंत्री मोदी के संसदीय क्षेत्र में रोडशो कर रहीं कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी की अचानक तबियत खराब हो गई है। रोडशो को बीच में ही छोड़कर सोनिया दिल्ली लौट रही हैं। 69 साल की सोनिया एक एसयूवी पर खड़ी होकर करीब 6 किलाेमीटर तक वाराणसी की सड़कों पर घूमी थीं। अचानक उन्हें तेज बुखार हो गया तो कांग्रेस के आला नेताओं के हाथ-पांव फूल गए।
मंगलवार को दोपहर करीब 2 बजे सर्किट हाउस से साेनिया गांधी का रोड शो शुरू हुआ। इससे पहले कांग्रेस का झंडा लहराते हजारों बाइकर्स एयरपोर्ट से ही सोनिया गांधी के काफिले के साथ चलते नजर आए। मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद सोनिया गांधी पहली बार बनारस आई थी। उनके साथ दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित मौजूद रहीं, शीला को कांग्रेस ने राज्य में मुख्यमंत्री पद का उम्मीवार घोषित किया है। इसके अलावा ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी के महासचिव गुलाम नबी आजाद, उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी चीफ राज बब्बर, वरिष्ठ पार्टी नेता प्रमोद तिवारी और संजय सिंह भी सोनिया के साथ मौजूद रहे। उनका वाराणसी को चुनाव प्रचार अभियान की शुरुआत के लिए चुनना इस लिहाज से भी अहम है कि कांग्रेस मोदी को उनके गढ़ में चुनौती दे रही है।
कांग्रेस ने मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में विकास की कमी को दिखाने के लिए ‘दर्द-ए-बनारस’ अभियान लॉन्च किया है। पार्टी पिछले 27 सालों से राज्य की सत्ता से बाहर है। कांग्रेस अपने अभियान ’27 साल यूपी बेहाल’ के जरिए यह बताने की कोशिश कर रही है कि पिछले 27 सालों में राज्य की हालत बद से बदतर हो गई है।
