Aditya Thackeray, Amruta Fadnavis: शिवसेना विधायक और महाराष्ट्र सीएम उद्धव ठाकरे के बेटे आदित्य ठाकरे ने शुक्रवार (27 दिसंबर) को कहा कि सोशल मीडिया ट्रोल्स को नजरअंदाज किया जाना चाहिए। उन्होंने शिवसेना की पूर्व सहयोगी भाजपा पर निशाना साधते हुए दावा किया कि “जिन्होंने वादे पूरे नहीं किये वे अब सत्ता में नहीं हैं।” माना जा रहा है कि आदित्य ने इशारों में अमृता फड़णवीस को जवाब दिया है। बता दें कि भाजपा से अलग होकर शिवसेना ने कांग्रेस और एनसीपी संग सरकार बनाई है।
इशारों में अमृता फड़णवीस को जवाब: बैंकर और पूर्व सीएम देवेंद्र फड़णवीस की पत्नी अमृता फड़णवीस ने हाल ही में ट्वीट किया था, “कोई भी अपने नाम के आगे ठाकरे लगाकर ठाकरे नहीं बन सकता। व्यक्ति को सच्चा, सिद्धांतवादी बनने की जरूरत है और अपने परिवार तथा सत्ता की ललक से ऊपर उठकर लोगों और पार्टी के सदस्यों की बेहतरी के लिए सोचना चाहिए।” इस पर आदित्य ठाकरे ने शुक्रवार को पत्रकारों से कहा, “सोशल मीडिया ट्रोल्स को नजरअंदाज कर देना चाहिये और विकास कार्यों पर ध्यान लगाना चाहिये। जिन लोगों ने वादे पूरे नहीं किये अब वे सत्ता में नहीं है। हमें उनका दर्द समझना चाहिये।”
Very true @Dev_Fadnavis ji ! One cannot be a ‘Thackeray’ also by just putting ‘Thackrey’ surname after his name ! One needs to be true, principled & should think for betterment of people & party members above his own family & power dynamics ! @ShivSena @OfficeofUT https://t.co/3W0AsvcTeG
— AMRUTA FADNAVIS (@fadnavis_amruta) December 22, 2019
सीएम उद्धव ने किया था ट्वीट: दरअसल, शिवेसना प्रमुख तथा महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने 15 दिसंबर को संशोधित नागरिकता कानून (CAA) का विरोध कर रहे जामिया मिल्लिया इस्लामिया के छात्रों पर पुलिस की कार्रवाई की तुलना 1919 के जलियावालां बाग नरसंहार से की थी, जिसपर देवेंद्र फड़णवीस की पत्नी अमृता फड़णवीस ने उद्धव की आलोचना की थी। अमृता के बयान की ओर इशारा करते हुए आदित्य ने शुक्रवार को अपने पिता का बचाव किया।
नागरिकता कानून के खिलाफ प्रदर्शन: मुंबई में शुक्रवार को छात्रों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने CAA और राष्ट्रीय नागरिक पंजी (NRC) के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी आजाद मैदान में जमा हुए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। उन्होंने कहा कि सरकार की जिम्मेदारी है कि वह संविधान की रक्षा करे और उसके खिलाफ कोई काम न करे।

