इंसान की उत्पत्ति बंदर से नहीं हुई है, इस बात पर केंद्रीय मानव संसाधन विकास राज्य मंत्री सत्यपाल सिंह अड़ गए हैं। वहीं, वैज्ञानिक समुदाय ने उनके बयान की कड़ी आलोचना की है। इसके अलावा एक अदाकारा इस बहस में कूद पड़ी हैं। अभिनेत्री श्रुति सेठ ने अपनी भड़ास ट्वीट कर निकाली। श्रुति ने ट्वीट में लिखा- ”बिल्कुल, हमारे पूर्वजों ने किसी बंदर को इंसान बनते नहीं देखा है, लेकिन उन्होंने यह भी नहीं देखा है कि भगवान ने इंसान को बनाया है। हम बहुत बुरे फंसे हैं। शिक्षा गई तेल लेने।” सत्यपाल सिंह ने बच्चों की किताबों में पढ़ाई जाने वाला डार्विन का मानव के क्रमिक विकास संबंधी सिद्धांत को गलत बताया था। उन्होंने शुक्रवार (19 जनवरी) को महाराष्ट्र के ऑल इंडिया वैदिक सम्मेलन में कहा था कि इंसान की उत्पत्ति कभी बंदर से नहीं हुई। ऐसा न तो हमारे पूर्वजों ने देखा है और न ही कहीं लिखा है, इंसान… इंसान ही पैदा हुआ और इंसान ही रहेगा।
Yes our ancestors did not see an ape turn into a man but they haven’t seen god creating the human race either. So now?
We are so screwed. Education गई तेल लेने। https://t.co/9kc5MmxhUu
— Shruti Seth (@SethShruti) January 21, 2018
वरिष्ठ वैज्ञानिक राघवेंद्र गडगकर ने कहा कि मंत्री का बयान दर्शाता है कि राजनीतिक हितों के लिए विज्ञान और वैज्ञानिकों का ध्रुवीकरण किया जा रहा है। भारत की सबसे बड़ी बायोफार्मा कंपनियों में से एक बायोकॉन की प्रमुख किरन मजूमदार शॉ ने कहा कि यह विज्ञान और वैज्ञानिकों का अपमान है। जबकि मंत्री ने दावा किया कि वह भी विज्ञान पढ़कर आए हैं। उन्होंने कहा- ”मानव के क्रमिक विकास के डार्विन सिद्धांत को दुनिया भर में चुनौती मिल रही है। डार्विन सिद्धांत एक मिथ्या है। अगर मैं ऐसा कह रहा हूं तो इसके पीछे कोई आधार होगा। मैं भी विज्ञान का आदमी हूं, कला के बैकग्राउंड से नहीं आया हूं। मैंने दिल्ली विश्वविद्यालय से रसायन शास्त्र में पीएचडी की है।”
शुक्रवार को मंत्री ने कहा था कि डार्विन का सिद्धांत वैज्ञानिक तौर पर गलत है। ऐसा कोई भी गवाह नहीं है जिसने बंदरों को इंसान बनते देखा हो, इसलिए इसे किताबों से हटा देना चाहिए। बता दें कि सत्यपाल सिंह पूर्व आईपीएस अधिकारी रह चुके हैं और 2014 लोकसभा चुनाव में वह उत्तर प्रदेश के बागपत बीजेपी के टिकट पर सांसद चुने गए थे। उन्हें कैबिनेट में भी जगह मिली और मोदी सरकार ने उन्हें राज्य मंत्री बनाया।
