देशव्यापी टीकाकरण अभियान का विस्तार करते हुए केंद्र सरकार ने अप्रैल महीने के सभी दिनों में (आज से 30 अप्रैल तक) सार्वजनिक और निजी क्षेत्र के COVID टीकाकरण केंद्रों पर टीकाकरण किए जाने की घोषणा की। केंद्र ने सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को कहा है कि उन्हें अप्रैल 2021 के दौरान छुट्टियों सहित महीने के सभी दिनों में टीकाकरण केंद्रों में कोविड वैक्सीन की खुराक की व्यवस्था करने होगी और टीकाकरण करना होगा।
यह कदम 31 मार्च को राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के साथ विस्तृत विचार-विमर्श के बाद उठाया गया है। जिससे कि कोविड टीकाकरण की गति और कवरेज में तेजी से वृद्धि सुनिश्चित की जा सके। यही नहीं सार्वजनिक और निजी क्षेत्रों के सभी कोविड टीकाकरण केंद्रों का बेहतर उपयोग करने की भी योजना बनाई गई है। देश में कोरोना से जिस आयु वर्ग को सबसे अधिक जोखिम है उनकी रक्षा के लिए टीकाकरण तेजी से किया जा रहा है। नियमित रूप से टीकाकरण की समीक्षा और निगरानी भी की जा रही है।
मालूम हो कि 45 साल से ऊपर के आयु के लोगों के लिए टीकाकरण राष्ट्रीय विशेषज्ञ समूह की सिफारिश के आधार पर शुरू हुआ है। बता दें कि देश में कोरोना के नए मामलों में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है। स्थिति ये है कि देश में एक दिन में कोरोना के 72,000 मामले सामने आ रहे हैं।
सरकार को उम्मीद है कि टीकाकरण के माध्यम से हर्ड इम्युनिटी हासिल की जा सकेगी। भारत ने अब तक देशव्यापी कोविड -19 टीकाकरण अभियान में 6.5 करोड़ से अधिक वैक्सीन खुराक लोगों को दी हैं।
45 वर्ष या उससे अधिक उम्र के लोगों के टीकाकरण के साथ, वॉक-इन रजिस्ट्रेशन की भी अनुमति दी गई है। आज से, सरकार ने 45 साल से अधिक उम्र के सभी लोगों को COVID-19 टीकाकरण में शामिल किया है।
भारत में, देशव्यापी टीकाकरण अभियान 16 जनवरी को शुरू किया गया था और फरवरी में फ्रंटलाइन वर्कर्स को टीका लगाया गया था।
1 मार्च से 60 साल से ऊपर के लोगों और 45-59 आयु वर्ग के लोगों (जिनकी कोई गंभीर बीमारी हो) के टीकाकरण की शुरुआत की गई थी।

