भर्ती घोटाला सामने आने के बाद सेना ने संकेत दिए हैं कि रिश्वत देकर नौकरी पाने वाले अफसरों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाएगा। आर्मी की तरफ से कहा गया कि मौजूदा अफसरों के साथ ट्रेनी कैडेट्स का रिकार्ड खंगाला जा रहा है। अगर कहीं कोई गड़बड़ी मिला तो इन लोगों पर कार्रवाई होगी। ध्यान रहे कि इंडियन एक्सप्रेस ने भर्ती घोटाले को लेकर एक विस्तृत रिपोर्ट कवर की थी। इसमें घोटाले का पर्दाफाश किया गया था।

हालांकि, सेना की तरफ से यह साफ नहीं किया गया कि इन लोगों पर किस तरह की कार्रवाई की जा सकती है। मामले से जुड़े लोगों का कहना है कि अगर जांच में कोई गड़बड़ी मिलती है तो मैनुअल के हिसाब से इन लोगों को बाहर का रास्ता भी दिखाया जा सकता है। या फिर ऐसे जवान व अफसरों के खिलाफ दूसरी तरह की कार्रवाई भी अमल में लाई जा सकती है।

हाल ही में सेना की विजिलेंस ने ले. कर्नल समेत कई आर्मी अफसरों के खिलाफ जांच की थी। संगीन आरोप सामने आने के बाद मामले की जांच सीबीआई को सौंपी गई। सीबीआई ने देश भर में कई जगहों पर रेड करके सेना की भर्ती से जुड़ा रिकार्ड भी जब्त किया है। फिलहाल एजेंसी मामले की परतों को खंगालने का काम कर रही है। इसके तहत कई बड़े अफसरों की पड़ताल की जा रही है।

सीबीआई ने 5 ले. कर्नल समेत सेना के 17 अफसरों के खिलाफ केस दर्ज किया है। एजेंसी ने इनके अलावा 6 सिविलियन लोगों को भी नामजद किया है। आरोप है कि इन लोगों ने रिश्वत लेकर सेना की भर्ती में धांधली की। सभी के ऊपर भ्रष्टाचार के आरोप लगे हैं। एजेंसी ने इस मामले में देश भर में 30 जगहों पर रेड भी की।

सेना के जिन अफसरों पर केस दर्ज किया गया, उनमें एयर डिफेंस कार्प्स के ले. कर्नल एमवीएसएनए भगवान, सर्विस सिलेक्शन सेंटर कपूरथला के ले,. कर्नल सुरेंद्र सिंह, 6 माउंटेन डिवीजन आर्डिनेंस यूनिट बरेली के ले. कर्नल वाईएस चौहान, डीजी रिक्रूटिंग नई दिल्ली के ज्वाइंट डायरेक्टर ले. कर्नल सुखदेव अरोड़ा, बेंगलुरु स्थित सिलेक्शन सेंटर साउथ के ग्रुप टेस्टिंग अफसर ले. कर्नल विनय और सिलेक्शन सेंटर कपूरथला ग्रुप टेस्टिंग अफसर कर्नल भावेश कुमार के नाम शामिल हैं।

सेना की भर्ती में धांधली सामने आने पर सीबीआई ने केस दर्ज करके विवेचना शुरू की थी। इसमें 5 ले. कर्नल समेत 17 अफसर निशाने पर हैं।