मंगलवार (8 नवंबर) को 500 और 1000 के नोट रद्द किए जाने के बाद गुरुवार (10 नवंबर) को पूरे देश में बैंकों और डाकघरों में पुराने नोट बदले जा रहे हैं। गुरुवार सुबह देश के सभी शहरों में बैंकों और डाकघरों के आगे भारी भीड़ उमड़ पड़ी। गुरुवार से सभी बैंकों के एटीएम से नए नोट भी निकाल जा सकेंगे। बुधवार को देश के सभी बैंक और एटीएम बंद थे। लोगों को समस्या न हो इसलिए केंद्र सरकार ने गुरुवार को पूरे दिन बैंक और डाकघर खुले रहेंगे। इसके अलावा सभी बैंक शनिवार और रविवार को भी आम लोगों के पुराने नोट बदलेंगे। सरकार ने अगले कुछ हफ्तों तक बैंकों से एक दिन में केवल चार हजार रुपये के पुराने नोट बदले जा सकेंगे। लेकिन उपभोक्ता अपने बैंक खातों में चाहे जितनी भी राशि जमा कर सकते हैं। वहीं एटीएम से उपभोक्ता एक दिन में दो हजार रुपये निकाल सकेंगे।

कई बैंकों ने ग्राहकों की भारी भीड़ की आशंका के मद्देनजर बैंक अगले तीन दिनों तक रात 9 बजे तक काम करने का फैसला किया है। बैंक कर्मियों को अगले एक महीने के लिए अतिरिक्त अवकाश नहीं लेने की भी सलाह दी गई है। इस दौरान सरकार ने 22 अरब करेंसी नोटों के धारकों को इन्हें बैंक खातों में जमा करने को कहा है। पीएम मोदी की घोषणा के अनुसार गुरुवार (10 नवंबर) से 30 दिसंबर तक बैंकों और डाकघर में 500 और 1000 रुपये के नोट बदले या जमा किए जा सकते हैं। घोषणा के अनुसार 11 नवंबर तक पुराने नोट से रेलवे, सरकारी बसों और एयरपोर्ट पर टिकट खरीद सकेंगे। ऑनलाइन पेमेंट, डेबिट, क्रेडिट और डिमांड ड्राफ्ट से भुगतान भी जारी रहेगा। परिवहन मंत्रालय ने इस दौरान जनता को होने वाली दिक्कतों को ध्या में रखते हुए 11 नवंबर तक सभी राजमार्गों पर टोल मुफ्त कर दिया है। पेट्रोलियम मंत्रालय ने कहा है कि 11 नवंबर तक सभी पेट्रोल पंपों पर पुराने नोटों से भुगतान किया जा सकेगा।

वीडियोः देखिए 500 और 1000 के नोट बदलने के लिए लंबी कतारें-

सरकार ने कहा है कि जो लोग ढाई लाख रुपये से अधिक के 500 और 1000 के पुराने नोट अपने बैंक खातों में जमा करेंगे उनके द्वारा जमा की गई राशि का उनके इनकम टैक्स रिटर्न से मिलान किया जाएगा। अगर उनके द्वारा जमा किया गया पैसे का उनकी आय से अधिक पाया गया तो उनका पैसा जब्त कर लिया जाएगा, साथ ही उन पर 200 प्रतिशत तक जुर्माना भी लगाया जाएगा। मार्च 2016 तक देश में 500 के करीब 1570 करोड़ नोट प्रचलन में थे। वहीं 1000 के करीब 632 करोड़ नोटों का इस्तेमाल हो रहा था। केंद्र सरकार ने ये देश के अंदर कालेधन की जमाखोरी को खत्म करने के लिए इन नोटों को बंद करने का फैसला लिया है। देश में 500 और 1000 के नकली नोटों के प्रचलन पर भी इस घोषणा से रोक लगेगी।