विराट कोहली निसंदेह एक अद्भुत बल्लेबाज हैं, मगर उनकी कप्तानी स्तरहीन नजर आती है। दक्षिण अफ्रीका के बाद हालिया इंग्लैंड दौरे पर इस बात के और प्रमाण सामने आए हैं। अंतिम 11 के चयन और खिलाड़ियों को पर्याप्त मौके दिए बिना बाहर करने को लेकर कई पूर्व क्रिकेटर कोहली की आलोचना कर चुके हैं और कर रहे हैं। कोहली ने टेस्ट टीम की कप्तानी संभालने के बाद 38 मैचों में कभी भी लगातार दो मैच में एक टीम नहीं खिलाई। आखिर उनका अजीब रिकॉर्ड इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में ही टूटा। मगर विराट की कप्तानी का एक पहलू और भी है जिसपर अब कई दिग्गज सवाल उठा रहे हैं। और वह है अंपायर के फैसले का रिव्यू लेना।
विराट चाहें तो इस मामले में अपने पूर्ववर्ती महेंद्र सिंह धोनी से मदद ले सकते हैं। अंपायर के ऑन-फील्ड फैसले को बदलवाने के मामले में धोनी का रिकॉर्ड शानदार है। उनके प्रशंसक तो डिसिजन रिव्यू सिस्टम (DRS) को ‘धोनी रिव्यू सिस्टम’ कहते हैं। खुद कोहली ने जनवरी, 2017 में कहा था कि इस मामले में धोनी का योगदान ‘अमूल्य’ है। बकौल कोहली, ”मैंने एक आंकड़ा देखा कि अपने कॅरिअर में उन्होंने (धोनी) जितनी अपील की हैं, उनमें से 95 फीसदी सफल रही हैं।” कोहली ने तब माना भी था कि वह डीआरएस को लेकर धोनी पर आंख मूंदकर विश्वास करते हैं।”
7-11 सितंबर के बीच इंग्लैंड के द ओवल मैदान पर भारत श्रृंखला का आखिरी टेस्ट खेल रहा है। इस मैच में भी कोहली से रिव्यू लेने में चूक हुई। इंग्लैंड की दूसरी पारी में भारत ने अपने दोनों रिव्यू बर्बाद कर दिए।
ओवल टेस्ट में कोहली द्वारा लिए गए रिव्यू देखें:
रवींद्र जडेजा की गेंदबाजी पर कीटन जेनिंग्स ने लाइन से अलग जाकर शॉट खेलने की कोशिश की और गेंद उनके पैड पर जा लगी। भारतीयों ने अपील की मगर अंपायर ने आउट नहीं दिया। कोहली ने पंत से पूछा फिर जडेजा की ओर देखा। जडेजा कह रहे थे कि उन्हें क्लियर नहीं है कि गेंद का इम्पैक्ट कहां होगा। फिर भी कोहली ने अधूरे मन से रिव्यू लेने का इशारा किया। रिप्ले में दिखा कि गेंद ऑफ स्टंप के बाहर पिच हुई और इम्पैक्ट भी बाहर ही रहा। नतीजा थर्ड अंपायर ने बल्लेबाज को नॉट आउट दे दिया।
https://twitter.com/DRVcricket/status/1038857982048706561
जडेजा के चौथे ओवर में भी फिर यही कहानी दोहराई गई। गेंद ऑफ स्टंप से काफी बाहर पिच हुई थी, एलिस्टर कुक के पैड पर लगी और भारतीयों ने अपील की। अंपायर ने नकार दी तो कोहली ने इधर-उधर देखा फिर रिव्यू लेने का इशारा कर दिया। कमेंटरी कर रहे ग्राएम स्वान ने कहा कि भारत अपने रिव्यू बर्बाद कर रहा है। रिप्ले में यह बात पुष्ट हो गई। गेंद का इम्पैक्ट ऑफ स्टंप से अच्छा-खासा दूर था। अब भारत अपने दोनों रिव्यू खो चुका था।
क्रिकेट के प्रशंसकों की राय भी कमोबेश ऐसी ही है।
https://twitter.com/DRVcricket/status/1038859508481708033
यह सब देख इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइकल वॉन ने कोहली को बड़े अनूठे ढंग से परिभाषित किया है। वॉन के मुताबिक, ”विराट दुनिया के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज हैं, मगर वह दुनिया के सबसे घटिया रिव्युअर हैं।”
Virat is the best Batsman in the World .. #Fact .. Virat is the worst reviewer in the World .. #Fact #ENGvsIND
— Michael Vaughan (@MichaelVaughan) September 9, 2018
