भारतीय क्रिकेट के दो दिग्गज रोहित शर्मा और विराट कोहली ने हाल ही में टेस्ट क्रिकेट को अलविदा कहकर अपने करियर के एक युग को समाप्त किया। ‘हिटमैन’ रोहित ने 7 मई को टेस्ट से संन्यास लिया, जबकि ‘किंग’ कोहली ने 12 मई को यह कठिन निर्णय लिया। दोनों ने पहले ही टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से विदाई ले ली थी। अब ये दोनों सितारे केवल वनडे क्रिकेट में भारतीय तिरंगे का प्रतिनिधित्व करेंगे और उनकी नजरें 2027 के वनडे विश्व कप पर टिकी हैं।

अंतिम मंजिल विश्व कप 2027

रोहित और कोहली के लिए वनडे क्रिकेट अब सिर्फ एक प्रारूप नहीं, बल्कि एक मिशन है। दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया की संयुक्त मेजबानी में अक्टूबर-नवंबर 2027 में होने वाला विश्व कप उनके करियर का अंतिम पड़ाव हो सकता है। दोनों खिलाड़ी इस टूर्नामेंट में खिताबी जीत के साथ अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कहना चाहते हैं। अभी दो साल से अधिक का समय बाकी है, और भारतीय टीम के पास इसकी तैयारी के लिए कम से कम 27 वनडे मुकाबले होंगे।

मौजूदा शेड्यूल के अनुसार, भारत 2027 विश्व कप से पहले आठ देशों के खिलाफ वनडे सीरीज खेलेगा। न्यूजीलैंड ही एकमात्र टीम है जिसके साथ भारत दो बार भिड़ेगा। चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के बाद भारत का वनडे अभियान अगस्त में बांग्लादेश के खिलाफ शुरू होगा। यह लंबा सफर रोहित और कोहली को अपनी तैयारियों को परखने और निखारने का सुनहरा मौका देगा।

रोहित का अधूरा सपना

रोहित शर्मा के लिए वनडे विश्व कप का विशेष महत्व है। 2011 विश्व कप की टीम में जगह न मिलना उनके दिल में आज भी एक टीस की तरह है। उन्होंने एक बार खुलासा किया था, “मैंने सेमीफाइनल और फाइनल को छोड़कर 2011 विश्व कप के बाकी मैच नहीं देखे। मैं बहुत निराश था। हर बार टीवी चालू करने पर मुझे लगता था कि मैं वहां हो सकता था।”

वनडे क्रिकेट में तीन दोहरे शतक जड़ने वाले रोहित ने कई बार कहा है कि 50 ओवर का विश्व कप उनके लिए ‘असली विश्व कप’ है। उनके शब्दों में, “हम 50 ओवर का विश्व कप देखते हुए बड़े हुए हैं। मेरे लिए यही असली विश्व कप है, और मैं इसे जीतना चाहता हूं।” यह जुनून उनके खेल में अब भी साफ झलकता है।

कोहली का जुनून

विराट कोहली की बल्लेबाजी और नेतृत्व ने भारतीय क्रिकेट को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया है। टेस्ट और टी20 से संन्यास के बाद कोहली का पूरा ध्यान अब वनडे में अपनी विरासत को और मजबूत करने पर है। 2011 विश्व कप विजेता टीम का हिस्सा रहे कोहली के लिए 2027 का विश्व कप न केवल एक और खिताब, बल्कि उनके शानदार करियर का समापन हो सकता है।