IPL 11 में रविवार को खेले गए दूसरे मुकाबले में किग्स इलेवन पंजाब ने चेन्नई सुपर किंग्स को 4 रनों से मात देकर टूर्नामेंट में अपनी दूसरी जीत दर्ज की। अपने कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (79) की शानदार पारी के बावजूद चेन्नई अपने तीसरे मैच में चार रनों से हार गई। पंजाब ने चेन्नई को अपने घर में इस सीजन में पहली बार हराया। चेन्नई ने अब तक अपने दोनों मैच जीते थे, लेकिन तीसरे मैच में उसे हार का मुंह देखना पड़ा है। चेन्नई की ओर से महेंद्र सिंह धोनी अंत तक जमे रहे लेकिन वह टीम की जीत नहीं दिला सके। चेन्नई 20 ओवर में पांच विकेट पर 193 रन ही बना सकी। धोनी को पीठ में दर्द के कारण बल्लेबाजी में परेशानी हो रही थी, लेकिन वह क्रीज पर डटे रहने के बावजूद अपनी टीम की नैया पार नहीं करा सके। उन्होंने 44 गेंद का सामना करते अपनी पारी में छह चौके और पांच छक्के जड़े। अंतिम पांच ओवर में चेन्नई सुपरकिंग्स को जीत के लिये 76 रन की दरकार थी जो धोनी की परेशानी को देखते हुए असंभव ही दिख रहा था। 18वें और 19वें ओवर में 19-19 रन जोड़ने के बावजूद उन्हें अंतिम छह गेंद में 17 रन चाहिए थे जिसमें वह 12 रन ही बना सके।

धोनी ने धीमी शुरुआत के बाद इतनी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की कि आईपीएल इतिहास का अपना उच्चतम स्कोर बना बैठे। 79 रनों की धोनी की ये पारी उनके आईपीएल करियर की सबसे बड़ी पारी है। इससे पहले महेंद्र सिंह धोनी का आईपीएल में उच्चतम स्कोर 63 रन का था जो पिछले सीजन में मुंबई इंडियंस के खिलाफ उन्होंने फाइनल में बनाए थे। बचा दें कि उस पारी में भी धोनी नाबा रहे लेकिन टीम को हार का सामना करना पड़ा था।

मैच के बाद प्रतिक्रिया देते हुए धोनी ने कहा कि पंजाब की ओर से उम्दा गेंदबाजी की गई जिसके चलते हम हार गए। धोनी ने पीठ दर्द पर कहा, “मेरी पीठ में बहुत दर्द है लेकिन भगवान ने मुझे ताकत दी है और तो मुझे अपनी पीठ के सहारे शॉट लगाने की बहुत ज्यादा जरूरत नहीं होती। मैं अपनी भुजाओं से चौके-छक्के लगा सकता हूं।”