भारत के दो पूर्व कप्तानों रवि शास्त्री और सौरव गांगुली की आपसी रार किसी से छिपि नहीं है। दोनों के बीच का मनमुटाव उस वक्त ही सामने आ गया था जब अनिल कुंबले को भारतीय क्रिकेट टीम का मुख्य कोच नियुक्त किया गया था और एडवाइजरी बोर्ड का सदस्य होने के बावजूद रवि शास्त्री के इंटरव्यू के दौरान सौरव गांगुली उपस्थित नहीं थे। उसके बाद दोनों ने कई बार सार्वजनिक मंच से एक दूसरे के बीच मनुटाव की बात को स्वीकार किया, एक दूसरे पर आरोप भी लगाए। हालांकि, इसके बाद दोनों को कानपुर में भारत के 500वें टैस्ट मैच के दौरान मंच शेयर करते हुए भी देखा गया और ऐसा लगा कि दोनों के रिश्तों में कड़वाहट कुछ कम हुई है।

महेंद्र सिंह धोनी द्वारा भारतीय टीम के वनडे और टी20 कप्तानी से इस्तीफा देने के बाद रवि शास्त्री के एक कमेंट ने एक बार फिर सौरव गांगुली के साथ उनके रिश्तों में कड़वाहट का सबूत पेश किया है। दरअसल, रवि शास्त्री ने विज़डन इंडिया मैगज़ीन के साथ हाल ही में बातचीत के दौरान धोनी की कप्तानी पर सवाल पूछे जाने पर उन्हें ‘दादा कप्तान’ बताया। इस दौरान रवि शास्त्री से भारत के बेहतरीन कप्तानों के बारे में पूछा गया तो उन्होंने सौरव गांगुली का नाम नहीं लिया। शास्त्री ने महेंद्र सिंह धोनी के फैसले को उचित बताया और कहा कि उन्होंने सही समय पर यह फैसला लिया है। उन्होंने कहा, ‘मैं भारत के दादा कप्तान को सलाम करता हूं। उन्होंने विराट को आने वाले बड़े टूर्नामेंट्स के लिए टीम तैयार करने का पर्याप्त मौका दिया है। महेंद्र सिंह धोनी ने भारत के लिए वो सब कुछ अर्जित किया है जो किया जाना चाहिए था। अब उनको कुछ भी साबित नहीं करना है।’

रवि शास्त्री ने धोनी को भारत का सबसे सफल कप्तान बताया और कहा कि कप्तानी के मामले में दूसरा कोई भी उनके आस पास भी नहीं है। रवि शास्त्री की नज़र में भारत के बेहतरीन कप्तानों की लिस्ट में जो नाम शामिल हैं वो हैं, कपिल देव जिन्होंने भारत को 1983 में विश्व कप विजेता बनाया और 1986 में इंग्लैंड में टेस्ट सीरीज में जीत दिलायी। उसके बाद शास्त्री ने अजित वाडेकर और टाइगर पटौदी का नाम लिया। हालांकि, यह रवि शास्त्री की व्यक्तिगत राय है और शायद ही कोई भारतीय क्रिकेट फैन यह मानने को तैयार हो कि सौरव गांगुली भारत के बेहतरीन कप्तान नहीं थे। भारत ने सौरव गांगुली की कप्तानी में 49 टेस्ट मैचों में जीत दर्ज की। उनकी कप्तानी में भारत ने 147 एकदिवसीय मैचों में से 76 में जीत दर्ज की।