हैदराबाद में वेस्टइंडीज के खिलाफ दूसरे टेस्ट से पहले भारतीय टीम की अप्रेजल परफॉर्मेंस मीटिंग होगी। टीम प्रबंधन और मुख्य चयनकर्ता के साथ 10 और 11 अक्टूबर को बैठक तय की गई है। वहीं, दूसरा टेस्ट 12 अक्टूबर से शुरू होना है। संडे एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, सीओए टीम प्रबंधन के साथ बातचीत करेगी। बैठक में दक्षिण अफ्रीका, इंग्लैंड और दुबई में आयोजित एशिया कप में खिलाडि़योें के प्रदर्शन पर विश्लेषण होगा। बैठक में कप्तान विराट कोहली, उप-कप्तान अजिंक्य रहाणे, मुख्य कोच रवि शास्त्री के साथ मुख्य चयनकर्ता एमएसके प्रसाद भी मौजूद रहेंगे। इस साल टेस्ट क्रिकेट में भारत का प्रदर्शन निराशाजनक रहा है। इंग्लैंड में 4-1 की शिकस्त से पहले दक्षिण अफ्रीका में तीन टेस्ट सीरीज में 2-1 से हारे। हालांकि, कोच रवि शास्त्री का मानना है कि वर्तमान टीम के खिलाड़ी पिछले 15-20 सालों के मुकाबले बेहतर हैं।

रवि शास्त्री ने इंग्लैंड टेस्ट सीरीज के दौरान कहा था, “मैंने पिछले 15-20 सालों में ऐसी कोई दूसरी टीम नहीं देखी, जिसने इतने कम समय में इतना अच्छा खेला हो। जबकि, उस समय अापके पास खेलने के लिए महान खिलाड़ी थे। ऐसे में यहां मानिसक रूप से कठिनाई हो रही है। जब आप मैच हारते हैं तो आपको चोट पहुंचती है क्योंकि जब आप अपने भीतर देखते हैं तो ऐसी परिस्थिति से निपटने के लिए सही उत्तर की तलाश करते हैं। अपने लक्ष्य को पूरा करते हैं। यदि आप खुद पर विश्वास करते हैं तो एक दिन ऐसा कर लेंगे।”

हालांकि, सीओए ने बल्लेबाजों के प्रदर्शन को देखते हुए इंग्लैंड में दूसरे टेस्ट के बाद मुख्य कोच को सूचित किया कि, “टेस्ट सीरीज के लिए पर्याप्त समय मिलने के बावजूद इस तरह का प्रदर्शन अस्वीकार्य है।” दक्षिण अफ्रीका और इंग्लैंड के खिलाफ खेले गए 16 परियों में भारतीय टीम मात्र चार पारी में 300 रने से उपर बनाने में कामयाब हुई। बर्घिंग्म में वे जीत के लिए 194 रन का लक्ष्य प्राप्त करने में असफल रहे। साउथेम्पटन में 245 रनों के जीत के लक्ष्य का पीछा करते हुए पूरी टीम 184 रनों पर ढ़ेर हो गई थी। केवल विराट कोहली ही कुछ देर तक पिच पर डटे रहे। इस अप्रेजल मीटिंग में जाड़े के मौसम में ऑस्ट्रेलिया में होने वाले चार टेस्ट मैचों पर भी विशेष चर्चा होने की संभावना है।