वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने अमेरिका के हस्तक्षेप पर नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि वे वाशिंगटन से मिलने वाले आदेशों से अब परेशान हो चुकी हैं। रोड्रिगेज ने यह बयान पूर्वी राज्य अंजोआतेगुई में तेल कर्मचारियों को संबोधित करते हुए दिया। यह बयान पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी के बाद अमेरिका के बढ़ते दबाव के संदर्भ में आया।
उन्होंने कहा कि अमेरिका को वेनेजुएला के नेताओं को आदेश देना बंद करना चाहिए। देश की राजनीति और आंतरिक मतभेदों को वेनेजुएलावासी खुद सुलझाएं। विदेशी ताकतों का दखल अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस बीच, मादुरो की गिरफ्तारी के बाद अमेरिका ने कथित ड्रग तस्करी से जुड़ी एक नाव पर पहली बार हमला किया है।
एसोसिएटेड प्रेस (एपी) के अनुसार, अमेरिकी सेना ने शुक्रवार को बताया कि मादुरो की गिरफ्तारी के बाद से अमेरिका ने पिछले सप्ताह मादक पदार्थों की तस्करी के आरोपी एक जहाज पर अपना पहला सैन्य हमला किया।
अमेरिकी दक्षिणी कमान ने बताया कि यह हमला पूर्वी प्रशांत महासागर में हुआ। इसमें एक ऐसी नाव को निशाना बनाया गया, जो नशीले पदार्थों की तस्करी में शामिल थी। इस हमले में दो लोगों की मौत हो गई, जबकि एक व्यक्ति बच गया। सेना ने कहा कि उसने अमेरिकी तटरक्षक बल को सूचना दी, जिसके बाद बचे हुए व्यक्ति की तलाश और बचाव अभियान शुरू किया गया।
इस महीने की शुरुआत में काराकस में हुई एक छापेमारी के बाद क्षेत्र में अमेरिकी सैन्य गतिविधि में वृद्धि के बीच यह हमला हुआ है, जिसमें मादुरो और उनकी पत्नी को गिरफ्तार कर लिया गया था और संघीय मादक पदार्थों की तस्करी के आरोपों का सामना करने के लिए न्यूयॉर्क ले जाया गया था।
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हाल के महीनों में, अमेरिकी सेना ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा आदेशित व्यापक अभियानों के हिस्से के रूप में वेनेजुएला से जुड़े तेल टैंकरों को जब्त करने पर भी ध्यान केंद्रित किया है।
शुक्रवार से पहले की सबसे हालिया कार्रवाई दिसंबर के अंत में हुई थी, जब सेना ने कहा कि उसने दो दिनों में पांच संदिग्ध ड्रग नौकाओं पर हमला किया, जिसमें आठ लोग मारे गए। बताया जाता है कि कुछ लोग समुद्र में कूद गए, और तटरक्षक बल ने बाद में अपनी खोजबीन रोक दी।
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