अमेरिका इस समय लगातार कैरेबियन सागर में तेल टैंकरों को जब्त कर रहा है। वेनेजुएला के खनन तेल नियंत्रण हासिल करने के लिए राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में शुक्रवार रात कैरेबियन सागर में ‘ओलिना’ नाम के एक तेल टैंकर को जब्त किया गया।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, इस टैंकर को अमेरिकी नौसेना के जवानों ने एक विशेष ऑपरेशन के तहत रोका और अपने कब्जे में ले लिया। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, पिछले कुछ दिनों में यह पांचवां तेल टैंकर है, जिस पर अमेरिका ने अपनी सैन्य और कूटनीतिक दबाव नीति के जरिए कब्जा किया है।

अमेरिका के दक्षिणी कमान (US Southern Command) ने खुद इस कार्रवाई की पुष्टि की है। बयान जारी करते हुए कहा गया कि “अपराधियों को छिपने की कोई जगह नहीं मिलने वाली है।”

समझने वाली बात यह है कि जब से अमेरिका ने वेनेजुएला के खिलाफ कार्रवाई तेज की है और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को हिरासत में लेने की खबरें सामने आई हैं, तब से अमेरिका लगातार तेल टैंकरों को निशाना बना रहा है।

जानकारी के लिए बता दें कि इससे पहले अमेरिकी नौसेना ने उत्तरी अटलांटिक महासागर में रूस के झंडे वाले ‘मेरिना’ टैंकर को भी अपने कब्जे में लिया था। वहीं, रूस का एक और जहाज कैरेबियन सागर में पकड़ा गया। यानी एक तरफ अमेरिका वेनेजुएला के साथ टकराव की स्थिति में है, तो दूसरी ओर रूस के साथ भी उसकी जुबानी जंग तेज हो चुकी है।

हालांकि, चिंता की बात यह है कि जिस मेरिना टैंकर पर अमेरिका ने कब्जा किया है, उसमें तीन भारतीय नागरिक भी सवार बताए जा रहे हैं। इस मामले में मास्को की ओर से सभी की सुरक्षित रिहाई की अपील की गई है।

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