ड्राई फ्रूट का सेवन सेहत के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है। खासकर सर्दियों में लोग शरीर को गर्म रखने, ऊर्जा बढ़ाने और इम्यूनिटी मजबूत करने के लिए इन्हें अपनी डाइट में शामिल करते हैं। ड्राई फ्रूट्स में बादाम सबसे अधिक लोकप्रिय है और दुनिया भर में सबसे ज्यादा खाया जाने वाला ड्राई फ्रूट भी है। इसकी खासियत है कि इसे हर मौसम में खाया जा सकता है। बादाम को लोग दो तरह से सेवन करते हैं सूखा और रातभर भिगोकर। इसके अलावा बादाम का इस्तेमाल हलवा, मिठाइयों, दूध, शेक और कई तरह की रेसिपीज़ में भी किया जाता है। पौष्टिक तत्वों से भरपूर होने के कारण यह बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी के लिए फायदेमंद माना जाता है।

हेल्थलाइन के मुताबिक बादाम एक ऐसा सुपरफूड हैं जो दिल को मजबूत करते हैं, ब्लड शुगर कंट्रोल में रखते हैं और वजन को भी तम करते हैं। पाचन तंत्र को सुधारने में बादाम बेहद उपयोगी है। बादाम ऐसा ही पावरफुल ड्राई फ्रूट है, जो हेल्दी फैट, विटामिन E, फाइबर, प्रोटीन, मैग्नीशियम और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होता है। यही कारण है कि इसे रोज़ाना खाने की सलाह दी जाती है, लेकिन सीमित मात्रा में।

पोषण विशेषज्ञों के अनुसार 1 मुट्ठी बादाम का सेवन रोज करना फायदेमंद है। एक मुट्ठी में 20 से 25 बादाम यानी 28–30 ग्राम बादाम आते हैं। रोज 1 मुट्ठी बादाम शरीर के लिए पर्याप्त और सेहतमंद मात्रा मानी जाती है। रोज 1 मुट्ठी बादाम खाने से दिल की सेहत दुरुस्त रहती है और कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल रहता है। कई रिसर्च में ये बात साबित हो चुकी है कि 40–50 ग्राम लगभग 35–40 बादाम भी इस्तेमाल की जा सकती है, लेकिन ये मात्रा तभी लें जब आपकी कैलोरी जरूरत ज़्यादा हो और आपकी डाइट में दूसरे फैट-स्रोत कम हों।

दिन में कितने बादाम खाने चाहिए?

रिसर्च के अनुसार, हर व्यक्ति की बादाम की ज़रूरत उम्र, डाइट और हेल्थ गोल्स के अनुसार अलग होती है। लेकिन एक हेल्दी  इंसान को रोजाना 20–25 बादाम यानी 28–30 ग्राम या एक मुट्ठी बादाम  सबसे सुरक्षित और फायदेमंद मात्रा मानी जाती है। इसी मात्रा पर ज्यादातर स्टडीज आधारित हैं, जो साबित करती हैं कि यह सर्विंग दिल, दिमाग और मेटाबॉलिज्म के लिए बेहद फायदेमंद है।

बादाम के फायदे (Benefits of Almonds)

बादाम एक न्यूट्रिएंट डेंस सुपरफूड है, जिसमें हेल्दी फैट, विटामिन E, प्रोटीन, फाइबर और मिनरल्स पाए जाते हैं। रोज़ाना सीमित मात्रा में बादाम खाने से दिल की सेहत बेहतर रहती है, क्योंकि यह खराब (LDL) कोलेस्ट्रॉल कम करता है और ब्लड लिपिड प्रोफाइल में सुधार लाता है। बादाम में मौजूद फाइबर और प्लांट कंपाउंड आंतों के अच्छे बैक्टीरिया बढ़ाते हैं, जिससे गट हेल्थ मजबूत होती है, सूजन कम होती है और पाचन बेहतर होता है। इसके अलावा बादाम का प्रोटीन, फाइबर और हेल्दी फैट लंबे समय तक पेट भरा रखते हैं, जिससे ओवरईटिंग कम होती है और ब्लड शुगर स्थिर रहता है। वजन कंट्रोल करने वालों के लिए यह एक अच्छा हेल्दी स्नैक माना जाता है।

बादाम के नुकसान (Side Effects of Almonds)

हालांकि बादाम बहुत फायदेमंद हैं, लेकिन इन्हें ज्यादा मात्रा में खाने से नुकसान भी हो सकते हैं। सबसे बड़ा जोखिम अतिरिक्त कैलोरी का है। ज्यादा बादाम खाने से वजन तेजी से बढ़ सकता है। जिन लोगों को नट एलर्जी है, उन्हें बादाम बिल्कुल नहीं खाना चाहिए, क्योंकि इससे गंभीर एलर्जी रिएक्शन हो सकता है। बहुत अधिक कच्चे बादाम खाने से शरीर में फाइटिक एसिड और ऑक्सलेट बढ़ जाते हैं, जिससे मिनरल्स का अवशोषण कम होता है और कुछ लोगों में किडनी स्टोन का जोखिम बढ़ सकता है। इसलिए बादाम का सेवन हमेशा सीमित और नियंत्रित मात्रा में ही करें।

सर्दियों का सुपरफूड हैं ये पत्तियां, रोज़ दाल के साथ खाएंगे तो डबल हो जाएंगे फायदे, डॉक्टर ने बताया बॉडी की सफाई करता है, रोज़ खाएं