Til Gud Benefits: सर्दियों में मौसमी बीमारियों का खतरा अधिक होता है। इस मौसम में अक्सर सर्दी, खांसी, गले में खराश और जुकाम परेशान करता है। इसके अलावा सर्दियों में इम्यूनिटी भी कमजोर हो जाती है। हालांकि, ऐसी समस्याओं से बचने के लिए शरीर को गर्म रखना बहुत जरूरी है। इसके लिए मोटे कपड़े पहनना ही काफी नहीं है। शरीर को अंदर से गर्म रखने की भी जरूरत होती है। सर्दियों के मौसम में तिल और गुड़ का कॉम्बिनेशन सेहत के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। ये शरीर को गर्म रखने के साथ ही कई बीमारियों से बचाता है। सर्टिफाइड डाइटिशियन और न्यूट्रिशनिस्ट डॉ. नीतिका कोहली ने तिल और गुड़ के फायदे बताए हैं।

गुड़ और तिल के फायदे

डॉ. नीतिका कोहली के मुताबिक, तिल और गुड़ दोनों की तासीर गर्म होती है। यह शरीर को अंदर से गर्माहट पहुंचाते हैं। सर्दियों में इन दोनों को साथ में खाने से शरीर को कई फायदे मिलते हैं। इन दोनों के सेवन से पाचन, खून की सफाई, शुगर कंट्रोल से लेकर शरीर में भरपूर एनर्जी मिलती है। गुड़ में कैल्शियम, मैग्नीशियम और आयरन होता है। वहीं, तिल के बीज में कैल्शियम, मैग्नीशियम और आयरन के साथ-साथ प्रोटीन और फाइबर भी भरपूर मात्रा में होता है जो स्वास्थ्य के लिए अच्छा होता है।

सर्दियों में गुड़ के फायदे

दरअसल, गुड़ को गन्ने के जूस से बनाया जाता है और ये प्राकृतिक चीनी का एक बेहतरीन स्रोत है। गुड़ न केवल स्वादिष्ट होता है, बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी बेहद फायदेमंद है।

पाचन तंत्र अच्छा होगा

गुड़ का सेवन पाचन तंत्र के लिए अच्छा होता है। गुड़ पेट के एंजाइम्स को उत्तेजित करता है, जिससे भोजन आसानी से पचता है और कब्ज की समस्या से राहत मिलती है।

खून साफ होगा

गुड़ का सेवन करने से शरीर को कई फायदे मिलते हैं। गुड़ खून को साफ करने में मदद करता है। ये शरीर से टॉक्सिन को बाहर निकालता है और ब्लड सर्कुलेशन को बेहतर बनाता है।

सर्दियों में तिल के फायदे

तिल के बीज मैग्नीशियम से भरपूर होते हैं। तिल ब्लड प्रेशर कंट्रोल करता है। इसके साथ ही दिल को हेल्थ के लिए भी तिल बहुत ही लाभकारी होता है। सर्दियों में तिल और गुड़ का सेवन करने से शरीर में गर्मी बनी रहती है और सर्दी-खांसी आदि संक्रमण से राहत मिलती है।

ब्लड प्रेशर

तिल का सेवन करने से ब्लड प्रेशर कंट्रोल रहता है। तिल मैग्नीशियम का सबसे अच्छा सोर्स है। ये विटामिन ई, लिग्नांस और एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होते हैं। इसके सेवन से बीपी और कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने में भी ये मदद मिलती है।

महिलाओं के अंदर शारीरिक बदलाव, उम्र के अलग-अलग पड़ाव का असर पुरुषों के मुकाबले ज्यादा पड़ता है। ऐसे में महिलाओं को अपनी उम्र के अनुसार सही डाइट प्लान को फॉलो करना चाहिए