बचपन में आपने ये जुमला जरूर सुना होगा कि खेलोगे-कूदोगे तो बनोगे खराब, पढ़ोगे- लिखोगे तो बनोगे नवाब। हालांकि, अब समय पहले जैसा नहीं है और स्पोर्ट्स में देश के युवाओं के लिए एक अच्छा करियर ऑपशन है। क्रिकेट के दीवाने हमारे देश में सैंकड़ों युवा क्रिकेटर बनने का ख्वाब रखते हैं और इसे पूरा करने के लिए कड़ी प्रतिस्पर्धा से भी गुज़रते हैं। भारतीय टीम का विश्वकप में आगाज़ 05 जून को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ होगा। पूरे देश की नजरें भारत के इस पहले मैच पर होंगी और बेशक हर कोई टीम इंडिया के विश्वकप जीतने की उम्मीद कर रहा है। मगर हम जीत-हार से अगल, बात करने जा रहे हैं टीम के खिलाडियों की, कि वे कितने पढ़े हैं और स्टार खिलाडियों की शिक्षा कितनी है। आपको जानकार हैरानी होगी कि भारत की आधे से ज्यादा टीम 12वीं पास या उससे कम शिक्षित है। तो शुरू करते हैं टीम के कप्तान विराट कोहली से-
विराट कोहली- टीम के कप्तान विराट कोहली ने केवल 12वीं तक की पढ़ाई विशाल भारती पब्लिक स्कूल, नई दिल्ली से की है। इसके बाद उन्होनें अंडर 19 क्रिकेट से अपना क्रिकेटिंग करियर शुरु किया और विश्व क्रिकेट में नाम कमाया।
महेन्द्र सिंह धोनी- धोनी अब किसी पहचान के मोहताज नहीं हैं। देश ही नहीं, दुनियाभर में उनकी बल्लेबाजी, विकेट कीपिंग और कप्तानी के लोग फैंस हैं। धोनी ने डीएवी जवाहर विद्या मंदिर से पढ़ाई शुरू की जहां उन्हें क्रिकेट और फुटबॉल खेलने का शौक पैदा हुआ। इसके बाद वे सेंट जेवियर्स कॉलेज ऑफ रांची गए मगर पढ़ाई बीच में छोड़ क्रिकेट की ओर चले गए। धोनी ग्रेजुएशन पूरा करना चाहते थे लेकिन अपने व्यस्त क्रिकेटिंग शिड्यूल के चलते वे फाइनल एग्जाम नहीं दे सके। हालांकि, 2011 विश्वकप जीतने के बाद सेंट जेवियर्स कॉलेज ने उन्हें हॉनरेरी डिग्री प्रदान कर दी।
रोहित शर्मा- कप्तान कोहली के ट्रंप के पत्ते बेशक इस विश्वकप में रोहित शर्मा रहेंगे। रोहित ने केवल 12 वीं कक्षा तक ही पढ़ाई की है क्योंकि उन्हें अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट के लिए चुन लिया गया था। उन्होंने प्राइमरी शिक्षा ‘आवर लेडी ऑफ वेलंकन्नी हाई स्कूल’ से पूरी की। इसके बाद उन्हें स्कूल क्रिकेट में उनके शानदार प्रदर्शन के कारण ‘स्वामी विवेकानंद स्कूल’ में छात्रवृत्ति के तौर पर एडमिशन मिला जहां उनके कोच दिनेश लाड क्रिकेट के कोच थे। उन्होंने मुंबई के रिजवी कॉलेज में भी पढ़ाई की।
शिखर धवन- टीम इंडिया के धुरंधर ओपनर शिखर धवन ने अपनी पढ़ाई के आगे क्रिकेट को रखा और 12वीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी। उन्होंने अपनी स्कूली पढ़ाई सेंट मार्क्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल, पश्चिम विहार, दिल्ली से की।
हार्दिक पंड्या- गेंद और बल्ले से एक बराबर रूप से खतरनाक हार्दिक पंड्या पढ़ाई में बहुत लिद्धड़ थे। नैवीं में फेल होने के बाद उन्होंने 10वीं करने से साफ मना कर दिया और पूरी तरह से क्रिकेट के लिए खुद को समर्पित कर दिया। विश्वकप में ऑलराउंडर पंड्या गेमचेंजर साबित हो सकते हैं।
जसप्रीत बुमराह- टीम इंडिया के स्टार बॉलर बुमराह ने केवल अपनी स्कूलिंग निर्माण हाईस्कूल अहमदाबाद से पूरी की है। जिसके बाद से उन्होंने अपना पूरा ध्यान केवल क्रिकेट पर लगाया।

