तमिलनाडु के कांग्रेसी विधायक एच वसंतकुमार की कहानी किसी सपने के सच होने जैसी है। बतौर सेल्समैन अपना करियर शुरू करने वाले वसंतकुमार आज एक रिटेल एंपायर के मालिक हैं। उनकी कहानी हमें सिखाती है कि कामयाब बिजनेसमैन बनने के लिए एमबीए करना जरूरी नहीं। वसंतकुमार ने अपने सामने आने वाली हर चुनौती को एक मौके में बदला। नानगुनेरी से विधायक वसंत एक तमिल एंटरटेनमेंट चैनल वसंत टीवी के भी मालिक हैं।
वसंतकुमार की कहानी 38 साल पहले शुरू हुई। उन्होंने अपने दोस्त से एक किराने की शॉप किराए पर ली और उसे घरेलू उपकरणों और इलेक्ट्रॉनिक गुड्स की दुकानों में तब्दील कर डाला। आज वे तमिलनाडु की सबसे बड़ी कंज्यूमर गुड्स रिटेल चेन वसंत एंड कंपनी के मालिक हैं। इस कंपनी की तमिलनाडु, पुदुचेरी, केरल में 64 से ज्यादा शाखाएं हैं। उनके बिजनेस मॉडल यह था कि उन्होंने ग्रामीण मार्केट में जगह बनाई। वो जगह, जहां लोअर इनकम ग्रुप के लोग थे। वसंत ने इन लोगों को उनके पसंद की चीजें बेचने की कोशिश की। उन्होंने अपने ग्राहकों से कहा कि वे शुरुआत के छह महीनों में उन प्रोडक्ट्स की आधी कीमत चुकाएं। इसके बाद सामान ले जाएं और बाकी का पैसा दें। इस रणनीति की वजह से वसंत का कोई देनदार डिफॉल्टर साबित नहीं हुआ।
तमिल भाषा में ग्रेजुएशन और मास्टर्स करने के बाद उन्होंने एक कंपनी में सेल्समैन की नौकरी की। आठ साल करने के बाद नौकरी छोड़ दी। वसंत के मुताबिक, उनके एक कस्टमर ने अपनी बंद पड़ी दुकान इस शर्त पर दी कि वे आने वाले छह महीने में उसे 8 हजार रुपए देंगे। उन्होंने अपनी छह महीने में आधी कीमत देने और सामान ले जाने वाली स्कीम शुरू की। वे अपने सभी पुराने कस्टमर्स के पास गए। वसंत के मुताबिक, एक शख्स ने उन्हें 22 रुपए की मदद की। यही उनकी शुरुआती पूंजी थी। आज उनकी कंपनी का टर्नओवर 900 करोड़ रुपए है। उनकी कंपनी की 64 शाखाओं में 1000 से ज्यादा कर्मचारी काम करते हैं।
