फ्रांस की रक्षा क्षेत्र की कंपनी थैलेस भारत में अपनी पैठ बढ़ाने की इच्छुक है। कंपनी की देश में मौजूदगी पिछले छह दशक से अधिक से है। कंपनी का इरादा अपनी वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में भारत को बड़े पैमाने में शामिल करने का है। कंपनी की एक शीर्ष कार्यकारी ने कहा कि थैलेस की भारत को लेकर महत्वाकांक्षी योजना है। कंपनी के सालाना 14 अरब डॉलर के कारोबार में अभी भारत का हिस्सा ढाई प्रतिशत से कम है। कंपनी यहां अधिक संयुक्त उद्यम भागीदारों की तलाश में है। उसका पहले से सार्वजनिक क्षेत्र की बीईएल, सैमटेल तथा एलएंडटी के साथ संयुक्त उद्यम है।

थैलेस की वरिष्ठ कार्यकारी उपाध्यक्ष (अंतरराष्ट्रीय विकास) पास्कल साउरिस ने कहा, ‘हमारी भविष्य के लिए महत्वाकांक्षी योजना है। हमारा मानना है कि हम इससे आगे जा सकते हैं। भारत में हम अपनी गतिविधियों को सिर्फ यहां पैठ बढ़ाने के रूप में नहीं देखते हैं, बल्कि हमारा मानना है कि भारत से निर्यात के जरिए हम अन्य देशों में अपनी पैठ बढ़ा सकेंगे।’ उन्होंने कहा कि भारत के लिए कंपनी की रणनीति को सिर्फ क्षेत्रीय या घरेलू दृष्टिकोण से परिभाषित नहीं किया जा सकता, बल्कि हम भारत को समूह की वैश्विक रणनीति का हिस्सा बनाना चाहते हैं।