एक साल, कई शब्द… लेकिन 2025 की पहचान आखिर किसने तय की? क्या आप वही सोच रहे हैं? —समझिए पूरा…
सत्र शुरू होने से पहले दिए गए अपने पारंपरिक संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सांसदों—खासकर कुछ चुनिंदा दलों—को याद…
लेखक का मानना है कि कई राज्यपाल जानबूझकर विधायिका द्वारा पारित विधेयकों को महीनों-सालों रोक रहे हैं। यह ‘संविधान का…
निडर पत्रकारिता के लिए PM मोदी की तारीफ एक तीखा सवाल खड़ा करती है — क्या आज भारतीय मीडिया सच…
बिहार ने गंभीर समस्याओं के बावजूद एनडीए को भारी जनादेश क्यों दिया? पी. चिदंबरम का यह लेख महिला नकद योजना,…
डोनाल्ड ट्रंप ने अनगिनत बार यह दावा किया है कि उन्होंने ‘द्विपक्षीय व्यापार बंद करने’ की चेतावनी देकर भारत और…
बिहार कभी समृद्ध और सक्षम राज्य था, पर आज भी गरीबी, बेरोजगारी और जातिवाद में उलझा है। नीतीश कुमार के…
6.5 फीसद की जीडीपी वृद्धि दर कोई जश्न का क्षण नहीं है। इसका मतलब है कि भारत निम्न-मध्यम आय वर्ग…
व्यर्थ की शेखी बघारने के बावजूद, प्रधानमंत्री को एहसास हो गया है कि दुनिया में भारत के कुछ ही दोस्त…
यूक्रेन, इजरायल, फिलिस्तीन युद्धों की वजह से मोदी की शांतिदूत और वैश्विक नेता छवि कमजोर पड़ रही है। भारत की…
आरबीआई बुलेटिन में अर्थव्यवस्था को “लचीला” बताया गया, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि जीएसटी कटौती सिर्फ त्रुटि सुधार है,…
सुप्रीम कोर्ट ने वक्फ संशोधन अधिनियम के विवादित प्रावधानों पर रोक लगाई। सरकार की जिद, संविधान की अनदेखी और अल्पसंख्यकों…