Wholesale Price Index: थोक मुद्रास्फीति 15 फीसद से ज्यादा, महंगी हो सकती हैं खाने-पीने की चीजें

WPI यानी थोक मूल्य सूचकांक बढ़ने की वजह आम लोगों को और भी महंगाई की मार झेलनी पड़ सकती है….  मुद्रास्फीति के आंकड़ों में बढ़ोतरी होने से आरबीआई पर रेपो रेट बढ़ाने का दबाव बन सकता है…. जिससे सभी तरह के बैंकिंग लोन और महंगे हो जाएंगे…. वहीं बाजार में खाने-पीने की चीजों जैसे सब्जी, दूध, तेल और ईंधन की कीमतों में भी उछाल देखने को मिल सकता है…..