Rahu Ketu Gochar 2025: वैदिक ज्योतिष शास्त्र में राहु और केतु को मायावी ग्रह माना जाता है। जहां राहु को माया, भौतिक इच्छाओं, भ्रम, अचानक होने वाली घटनाओं का कारक माना जाता है, तो वहीं केतु को आध्यात्मिकता, मोक्ष, त्याग और वैराग्य का कारक माना जाता है। ऐसे में इन दोनों ग्रहों की स्थिति में बदलाव का असर 12 राशियों के साथ-साथ देश-दुनिया में देखने को मिलता है। राहु और केतु एक निश्चित अवधि के बाद राशि के साथ-साथ नक्षत्र परिवर्तन भी करते हैं। 23 नवंबर को दोनों ही ग्रहों की स्थिति में बदलाव होने वाला है। 23 नवंबर को राहु अपने ही नक्षत्र शतभिषा में प्रवेश करने वाले हैं। वहीं दूसरी ओर केतु पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र के द्वितीय पद में गोचर करने वाले हैं। राहु और केतु की स्थिति में ये बदलाव का असर इन तीन राशि के जातकों के जीवन में सबसे अधिक देखने को मिलने वाला है। ये विश्लेषण चंद्र राशि के आधार पर किया जा रहा है। आइए जानते हैं इन लकी राशियों के बारे में…
वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार मायावी ग्रह राहु 23 नवंबर को सुबह 9 बजकर 29 मिनट पर शतभिषा नक्षत्र में प्रवेश कर जाएंगे। वहीं 23 नवंबर को सुबह 9 बजकर 29 मिनट पर केतु पूर्वाफाल्गुनी के द्वितीय नक्षत्र में प्रवेश कर जाएंगे। बता दें कि राहु इस समय कुंभ और सिंह राशि में केतु विराजमान है।
कर्क राशि (Kark Zodiac)
इस राशि की कुंडली में राहु 10वें राहु और केतु दूसरे भाव में विराजमान है। ऐसे में इस राशि के जातकों के लंबे समय से रुकी हुई कई इच्छाएं पूरी हो सकती है। राहु के शतभिषा नक्षत्र में प्रवेश के साथ ही उनका गोचर आपके पेशेवर जीवन में महत्वपूर्ण बदलाव और नई जिम्मेदारियों के संकेत दे रही है। पदोन्नति, मान-सम्मान और सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि की प्रबल संभावनाएं बन रही हैं। खासकर टेक्नोलॉजी, मीडिया, संचार या विदेशी संस्थानों से जुड़े लोगों के लिए यह समय बेहद अनुकूल साबित हो सकता है। केतु भी धन लाभ कराने में मदद करेगा। परिवार के साथ आपके संबंध अच्छे हो सकते हैं। आपके अंदर कोई बात चल रही है, तो उसे शेयर करें। इससे आपको लाभ मिल सकता है।
मिथुन राशि (Mithun Zodiac)
इस राशि के तीसरे भाव में केतु रहेंगे। ऐसे में इस राशि के जातकों के लिए ये अवधि अनुकूल हो सकती है। आपके अंदर साहस और पराक्रम की तेजी से वृद्धि हो सकती है। ईमानदारी से किए गए कार्य में अपार सफलता हासिल हो सकती है। लंबे समय से रुके काम पूरे हो सकते हैं। धार्मिक स्थानों की यात्रा कर सकते हैं। मन में अच्छे-अच्छे विचार आ सकते हैं। भाई-बहनों के साथ अच्छा समय बीत सकता है। राहु की बात करें, तो शतभिषा नक्षत्र में प्रवेश करके इस राशि के नवम भाव में रहने वाले हैं। ऐसे में इस राशि के जातक लंबी-लंबी यात्राएं कर सकते हैं। स्वास्थ्य अच्छा रहने वाला है। करियर में बढ़ोतरी हो सकती है। समाज में मान-सम्मान की तेजी से बढ़ोतरी हो सकती है।
कुंभ राशि (Kumbha Zodiac)
इस राशि के लग्न भाव में राहु और सप्तम भाव में केतु विराजमान है। ऐसे में इस राशि को कई क्षेत्रों से अपार सफलता के साथ-साथ धन लाभ हो सकता है। घर में खुशियों का वातावरण बनेगा। छात्रों की रचनात्मक क्षमता बढ़ेगी। कला से जुड़े लोगों की आय में वृद्धि होगी और वे अपने काम से संतुष्टि महसूस करेंगे। आप धन की बचत करने में सफल रहेंगे और आपकी योजनाएं भी धीरे-धीरे सफलता की ओर बढ़ेंगी। यदि आप किसी प्रोजेक्ट पर लंबे समय से कार्य कर रहे हैं, तो उसके सफल होने के संकेत स्पष्ट दिखाई देंगे। समाज में आपके कार्यों की सराहना होगी और सम्मान व प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। रिश्तों में भी मधुरता बढ़ेगी। राहु के गोचर के प्रभाव से आप अपनी एक अलग पहचान बनाने में सफल हो सकते हैं। लोग आपके विचारों को स्वीकार करेंगे, जिससे सामाजिक मान-सम्मान और लोकप्रियता में तेज़ी से बढ़ोतरी हो सकती है। हालांकि, राहु की मायावी शक्ति भ्रम, अहंकार और अस्थिरता को भी बढ़ा सकती है। ऐसे में आपके निर्णय लेने की क्षमता प्रभावित हो सकती है। इसलिए ज़रूरी है कि आप स्वयं पर नियंत्रण रखें और हर कार्य तथा निर्णय को सोच-समझकर लें। संयम और विवेक से किए गए प्रयास आपको लंबे समय तक सफलता दिला सकते हैं।
नए साल 2026 में देवताओं के गुरु बृहस्पति कई राजयोगों का निर्माण करने वाले हैं। वह नए साल में मिथुन, कर्क के साथ सिंह राशि में प्रवेश करेंगे। ऐसे में वह साल के आरंभ में ही चंद्रमा के साथ युति करके गजकेसरी राजयोग का निर्माण करेंगे। ऐसे में 12 राशियों के जीवन में किसी न किसी तरह से प्रभाव देखने को मिलने वाला है। लेकिन इन तीन राशि के जातकों को किस्मत का पूरा साथ मिल सकता है। जानें इन लकी राशियों के बारे में
डिसक्लेमर- इस लेख को विभिन्न माध्यमों जैसे ज्योतिषियों, पंचांग, मान्यताओं या फिर धर्मग्रंथों से संग्रहित कर ये जानकारियां आप तक पहुंचाई गई हैं। हमारा उद्देश्य महज सूचना पहुंचाना है। इसके सही और सिद्ध होने की प्रामाणिकता नहीं दे सकते हैं। इसके किसी भी तरह के उपयोग करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें।
