पूर्वी दिल्ली में गाजीपुर के कचरा भराव क्षेत्र से ठोस कचरे का उपयोग दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे के निर्माण में किया जाएगा। पूर्वी दिल्ली नगर निगम (ईडीएमसी) की स्थायी समिति ने बुधवार को इस संबंध में प्रस्ताव को मंजूरी दे दी जिससे भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआइ) और शहरी विकास मंत्रालय के साथ ईडीएमसी के गठबंधन का रास्ता साफ हो गया।
ईडीएमसी की स्थायी समिति के चेयरमैन जितेंदर चौधरी ने कहा, ‘शुरुआत में 70-80 फीसद कचरे का उपयोग दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे के निर्माण में किया जाएगा। बाद में इसका उपयोग शहर की सड़कों के लिए किया जाएगा’।
उन्होंने कहा कि इस गठबंधन के तहत एनएचएआइ कचरा भराव क्षेत्र में कचरे की प्रोसेसिंग के लिए एक इकाई लगाएगा जहां तारकोल के साथ इसे मिलाकर सड़क निर्माण में उपयोग लायक बनाया जाएगा। इस संबंध में सीएसआइआर और सीआरआरआइ के किए गए एक अध्ययन में इस प्रस्ताव को सकारात्मक पाए जाने के बाद यह फैसला किया गया।

