भारत में लंबी और छोटी दूरी की यात्रा के लिए लोग रोजाना बड़ी तादाद में भारतीय रेलवे की आधिकारिक वेबसाइट पर अपना टिकट बुक कराते हैं। पिछले कुछ सालों में लोगों के बीच इंटरनेट की पहुंच आम होने के चलते आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर टिकट बुकिंग की संख्या में खासी बढ़ोतरी भी हो रही है। खास बात यह है कि इस दौरान यात्रियों की सुविधा का ध्यान रखते हुए रेलवे ने टिकट बुकिंग को और आसान बनाया है। इसके अलावा हम आपको यहां ऐसी कुछ चुनिंदा जानकारी देने जा रहे हैं कि जिसकी मदद से आप वेबसाइट पर टिकट बुक करते समय पैसे कटने से बच सकते हैं।

आमतौर पर जब वेबसाइट के जरिए रेलवे टिकट बुक की जाती है तब लोग निचली बर्थ को प्राथमिकता देते हैं। महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों के मामले में ऐसा खासतौर पर होता है। हालांकि जब आप टिकट बुक करते हैं, यहां तक कि अगर आप पसंद के आधार पर बर्थ का चयन करते हैं, तभी भी इसकी कोई गारंटी नहीं कि आपने जो बर्थ बुक की वहीं आपको मिलेगी। वहीं अगर आप निचली बर्थ का विकल्प चुनते हैं और वहां निचली बर्थ नहीं हुई तो आपकी टिकट बुक नहीं होगी। यहां तक की अगर आपकी टिकट बुक भी नहीं हुई हो तब भी आपके खाते से टिकट की कीमत काट ली जाएगी। हालांकि अगर आपका टिकट बुक नहीं हुआ तो आईआरसीटीसी एक सप्ताह बाद काटी गई रकम आपके खाते में वापस ट्रांसफर कर देगी। यही वजह है कि आपको टिकट बुक करते समय केवल निचली बर्थ का विकल्प चुनना चाहिए।

टिकट बुक करते समय इस बात का ध्यान रखें कि कम से कम 150 बर्थ उपलब्ध हों क्योंकि ये आपके द्वारा बुक की गई टिकट को कंफर्म होने की संभावना काफी हद तक बढ़ा देता है। अगर टिकट बुकिंग के समय केवल 50 या 60 बर्थ उलब्ध हों तो ऑप्शन को सेलेक्ट करने वाले विकल्प से बचे। आईआरसीटीसी वेबसाइट यूजर्स को बिना लॉगइन के ट्रेन और सीटों की उपलब्धता जानने की अनुमति देती है। जानना चाहिए कि जिस वक्त बड़ी संख्या में लोग रेलवे टिकट बुक करते हैं तब हर सेकेंड रेलवे सीट की उपलब्धता बदलती रहती है। इससे में बहुत ज्यादा संभावनाएं होती है कि जब आप टिकट बुक रहे रहे हो इससे पहले ही कोई और टिकट बुक कर ले। हालांकि एक सप्ताह बाद भी पैसे रिफंड ना हो तो कोई भी इसे आईआरसीटीसी के समक्ष उठा सकता है।