रॉबर्ट वाड्रा ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की कार्रवाई को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि ईडी की कार्रवाई सत्ता का दुरूपयोग दिखाती है। वाड्रा ने फेसबुक पोस्ट के माध्यम से कहा कि मेरे पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि हर दिन मुझसे से आठ से 12 घंटे तक पूछताछ होती है और सिर्फ 40 मिनट का लंच ब्रेक दिया जाता है। वाड्रा ने कहा कि उन्हें वॉशरूम तक भी अकेला नहीं छोड़ा जाता है।

बता दें कि हाल ही में ईडी ने रॉबर्ट वाड्रा और उनकी मां को पूछताछ के लिए बुलाया था। इसके बाद उनकी 4.62 करोड़ रुपये की संपत्ति भी कुर्क कर दी गई। इस दौरान वाड्रा ने फेसबुक पर पोस्ट में लिखा, ‘लगातार उत्पीड़न! मेरे पास छिपाने के लिए कुछ नहीं है और मैं निश्चित तौर पर कानून से ऊपर नहीं हूं। मुझसे करीब 6 दिन तक 8 से 12 घंटे तक लगातार पूछताछ की गई। बस 40 मिनट का लंच ब्रेक दिया जाता था और वॉशरूम तक भी मुझे अकेला नहीं छोड़ा जाता था।’ वाड्रा ने आगे लिखा कि मेरा वर्कप्लेस-मेरा ऑफिस और दूसरे क्षेत्र को जिस तरह जांच एजेंसियों की निगरानी में रखा गया है, इससे साफ- साफ कानून के दुरुपयोग का पता चलता है। उन्होंने कहा कि यह पूरी तरह के बदले की भावना से किया जा रहा है।

बता दें कि बता दें कि ईडी ने 2015 में जमीन सौदे के सिलसिले में वाड्रा पर आपराधिक मामला दर्ज किया था। राजस्थान के बीकानेर में जमीन के आवंटन में कथित धोखाधड़ी के बारे में शिकायत के बाद राजस्थान पुलिस ने प्राथमिकी और आरोप पत्र दायर किए थे। बता दें कि इसके पहले वाड्रा ने एक फेसबुक पोस्ट के जरिए अपनी 75 वर्षीय मां को पूछताछ के लिए बुलाए जाने पर केंद्र सरकार पर निशाना साधा था।