दिल्ली भाजपा अध्यक्ष मनोज तिवारी ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर सीधे आरोप लगाया है कि उनकी आपराधिक सोच विकसित हो रही है। वे एक खलनायक के रूप में उभर रहे हैं। दिल्ली प्रदेश भाजपा अध्यक्ष ने गुरुवार को पत्रकारों से कहा कि एक ही दिन में पूर्व मंत्री कपिल मिश्र पर विधानसभा सदन में हमला व धमकियों और मंत्री सत्येंद्र जैन के खिलाफ घोटालों के मामलों को उजागर करने वाले राहुल शर्मा पर हुआ हमला यह बताता है कि यह एक आपराधिक षड्यंत्र का हिस्सा है। तिवारी ने कहा कि लगता है कि आगे भी जो लोग केजरीवाल सरकार के भ्रष्टाचार के खिलाफ बोलेंगे उन पर भी हमला हो सकता है। तिवारी ने आशंका जताई है कि पिछले महीने उनके निवास पर हुआ हमला भी एक षड्यंत्र हो सकता है क्योंकि वे भी भ्रष्टाचार के खिलाफ बोलते रहे हैं।
तिवारी ने कहा कि दिल्ली पुलिस और उत्तर प्रदेश पुलिस दोनों को बुधवार की घटनाओं का संज्ञान लेना चाहिए। केजरीवाल सरकार के भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठा रहे लोगों को सुरक्षा मुहैया करवानी चाहिए। एक पत्रकार की ओर से कपिल मिश्र और राहुल शर्मा को व्यक्तिगत रूप से सुरक्षा दिए जाने के सवाल पर तिवारी ने कहा कि पुलिस को उन दोनों पर खतरे का आकलन करना चाहिए। नियम और आवश्यकता अनुसार सुरक्षा देनी चाहिए। हवाला एवं बेनामी संपत्ति मामलों में आरोपित मंत्री सत्येंद्र जैन की ओर से दिल्ली हाई कोर्ट में अपनी संपत्ति को बेनामी ऐक्ट से मुक्त करने के लिए दायर याचिका को नामंजूर किए जाने पर मनोज तिवारी ने कहा कि जैन को अब सत्ता में बने रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं बचा है।
जिस तरह मुख्यमंत्री अपने मंत्री जैन पर कोई कार्रवाई करने से बच रहे हैं वह साफ दर्शाता है कि दोनों में साठगांठ है। तिवारी ने कहा कि समय आ गया है कि शुंगलू कमेटी की ओर से अनेक मामलों में पाए गए भ्रष्टाचार के साथ-साथ दिल्ली जल बोर्ड टैंकर घोटाला एवं नए सामने आए दवा घोटाले जैसे सभी मामलों में अरविंद केजरीवाल सरकार के खिलाफ कार्रवाई हो।

