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इस वक्त सोने से ज्यादा चांदी की चर्चा हो रही है। जो चांदी दो साल पहले 50-60 हजार रुपये किलो हुआ करती थी वह अब 3 लाख रुपए प्रति किलो के पार पहुंच गई है। आम आदमी के समझ के बाहर है कि चांदी कीमत में इतनी भारी उछाल कैसे आया। क्योंकि, चांदी के गहनों का चलन अपेक्षाकृत बहुत कम है। (Photo: Unsplash)
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आधुनिक तकनीक की रीढ़ बनी चांदी
दरअसल, चांदी का इस्तेमाल अब सिर्फ ज्लैवरी बनाने में नहीं बल्कि यह आधुनिक तकनीक की रीढ़ बन चुकी है। कई क्षेत्रों में इसका व्यापक रूप से इस्तेमाल हो रहा है। आइए जानते हैं कहां-कहां चांदी का इस्तेमाल होता है। (Photo: Unsplash) -
कुछ वर्षों से देश में चांदी की खपत तेजी से बढ़ी है। जैसे-जैसे इंडस्ट्रियल मांग बढ़ती जा रही है वैसे-वैसे चांदी की कीमत में उछाल आते जा रहा है। निवेशक भी चांदी की ओर खूब आकर्षित हो रहे हैं। (Photo: Unsplash)
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कहां-कहां होता है चांदी का इस्तेमाल
इलेक्ट्रॉनिक्स उद्योग
लगभग हर इलेक्ट्रॉनिक सामान में चांदी की नैनो कोटिंग या कंडक्टर के रूप में होती है। लैपटॉप, स्मार्टफोन, कैमरा, माइक्रोचिप, प्रिंटेड सर्किट बोर्ड और टीवी जैसे उपकरणों में चांदी का इस्तेमाल होता है। (Photo: Unsplash) सोना, तांबा और यूरेनियम के अलावा और क्या-क्या उगलती है ईरान की धरती, इन खनिजों का है भंडार -
मेडिकल सेक्टर
मेडिकल सेक्टर में भी चांदी का इस्तेमाल खूब होता है। दरअसल, चांदी में एंटी-बैक्टीरियल प्रॉपर्टीज होती है। इसका इस्तेमाल मेडिकल उपकरणों, वाउंड ड्रेसिंग, पानी को शुद्ध करने वाले फिल्टर, फोटोग्राफी और एक्स-रे फिल्मों, अस्पतालों के उपकरणों की कोटिंग में इसका इस्तेमाल होता है। हालांकि, डिजिटलाइजेशन के चलते इसका डिमांड काफी कम हुआ है। (Photo: Unsplash) -
सोलर पैनल
सोलर पैनल में जो फोटोवोल्टिक सेल्स होता है जिसमें चांदी के पेस्ट का इस्तेमाल होता है। यह सूर्य की रोशनी को बिजली में बदलने की दक्षता को बढ़ाता है। (Photo: Unsplash) -
इलेक्ट्रिक वाहन और ऑटोमोबाइल
बैटरी चार्जिंग सिस्टम, ऑटोनोमस ड्राइविंग चिप्स, वायरिंग और सेंसर आदि में चांदी की खपत व्यापक रूप से है। (Photo: Unsplash) -
गहने
त्योहारों व शगुन में भारतीय घरों में लोग चांदी की धार्मिक वस्तुओं, पायल और सिक्के का उपयोग करते हैं। (Photo: Unsplash) -
अचानक क्यों बढ़ी मांग?
चांदी की अचानक बढ़ी कीमत के पीछे कई वजह है जिसमें ग्रीन एनर्जी परियोजना शामिल है। दुनिया के कई देश बड़े पैमाने पर सोलर सिस्टम पर ज्यादा फोकस कर रहे हैं जिसमें चांदी का इस्तेमाल व्यापक रूप से होता है। इसके साथ ही ईवी और टेक्नोलॉजी सेक्टर में बढ़ोतरी भी भारी डिमांड का वजह है। वहीं, खनन उत्पादन घटने से बाजार में चांदी की कमी हुई है जिसके चलते इसकी कीमतों में भारी उछाल आया है। (Photo: Unsplash) अमेरिका के टारगेट पर ग्रीनलैंड क्यों है? कौन-कौन से रेयर खनिज पाए जाते हैं