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अक्सर जैसे ही हम किसी कॉकरोच को देखते हैं, वह तेजी से भागता नजर आता है। आमतौर पर लोग यही सोचते हैं कि वह इंसान से डर गया होगा। लेकिन वैज्ञानिकों की मानें तो सच्चाई इससे कहीं ज्यादा चौंकाने वाली है। दरअसल, कॉकरोच इंसान से डरकर नहीं, बल्कि खुद को साफ करने के लिए भागता है। जी हां, कॉकरोच इंसानी स्पर्श को ‘गंदगी’ की तरह लेता है। (Photo Source: Unsplash)
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रिसर्च में क्या आया सामने?
नॉर्थ कैरोलाइना स्टेट यूनिवर्सिटी (NC State) के रिसर्च में सामने आया है कि जैसे ही कोई इंसान कॉकरोच को छूता है, वह तुरंत अपने शरीर को साफ करने लगता है। इंसानी त्वचा से निकलने वाला तेल, पसीना और अन्य रसायन कॉकरोच की एंटीना (antennae) और शरीर पर चिपक जाते हैं। यह उनके लिए गंदगी की तरह होता है, जिसे हटाना उनके जीवित रहने के लिए बेहद जरूरी है। (Photo Source: Unsplash) -
सफाई से जुड़ा है उनका सर्वाइवल
कॉकरोच के शरीर पर बेहद महीन संवेदी बाल (sensory hairs) और एंटीना होते हैं, जिनकी मदद से वह खाने की पहचान करता है, खतरे को भांपता है, और साथी (mate) खोजता है। (Photo Source: Unsplash) -
अगर इन पर धूल, बैक्टीरिया या कोई बाहरी पदार्थ लग जाए, तो उनकी सूंघने और महसूस करने की क्षमता बुरी तरह प्रभावित हो जाती है। इसलिए जैसे ही कोई इंसान उन्हें छूता है, वे सब कुछ छोड़कर तुरंत एक कोने में जाकर पहले खुद को साफ करने में जुट जाते हैं। (Photo Source: Pixabay)
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कैसे करते हैं कॉकरोच सफाई?
शोध के मुताबिक, कॉकरोच अपनी टांगों और एंटीना को बार-बार मुंह से साफ करते हैं। उनके मुंह के हिस्से (mouthparts) एक तरह से ब्रश की तरह काम करते हैं, जो शरीर पर जमी गंदगी, केमिकल और बैक्टीरिया को हटा देते हैं। यह प्रक्रिया बेहद तेज और पूरी तरह से योजनाबद्ध होती है। (Photo Source: Unsplash) -
घमंड नहीं, मजबूरी है ये आदत
यह आदत किसी तरह की ‘वैनिटी’ या दिखावे से जुड़ी नहीं है। बल्कि यह कॉकरोच की बायोलॉजिकल मजबूरी है। वैज्ञानिकों का कहना है कि अगर कॉकरोच खुद को नियमित रूप से साफ न करें, तो वे ठीक से चल नहीं पाएंगे, खाना नहीं ढूंढ पाएंगे और खतरे को समय पर पहचान नहीं सकेंगे। (Photo Source: Pixabay) -
कीटनाशक बनाने में भी मददगार
इस रिसर्च का फायदा सिर्फ वैज्ञानिकों तक सीमित नहीं है। रिसर्चर्स का मानना है कि कॉकरोच की इस सफाई की आदत को समझकर ऐसे कीटनाशक विकसित किए जा सकते हैं, जो उनकी ग्रूमिंग प्रक्रिया को बाधित करें। इससे कॉकरोच की बुनियादी क्षमताएं कमजोर होंगी और उन्हें नियंत्रित करना आसान हो सकता है। (Photo Source: Pixabay) -
नजरिया बदलने वाली सच्चाई
यह तथ्य लोगों को इसलिए भी हैरान करता है क्योंकि यह सोच पूरी तरह उलट देता है। कॉकरोच इंसान को कोई बड़ा शिकारी या खतरा नहीं मानता। उसके लिए इंसानी स्पर्श बस एक गंदगी है, जिसे तुरंत साफ करना जरूरी है। तो अगली बार अगर कोई कॉकरोच आपको छूते ही भाग जाए, तो समझ लीजिए वह आपसे डर नहीं रहा, वह बस खुद को साफ करने जा रहा है। (Photo Source: Pixabay)
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