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राजस्थान के सीएम अशोक गहलौत के खिलाफ बगावती सुर अपनाने वाले सचिन पायलट (Sachin Pilot) को डिप्टी सीएम के पद से कांग्रेस ने हटा दिया था। इसके साथ 18 पायलट समर्थक विधायकों को भी सरकार ने अयोग्य करार देते हुए सदस्यता रद्द कर दी थी। राजस्थान सरकार के इस फैसले के खिलाफ सचिन पायलट ने जयपुर हाई कोर्ट का रुख किया। कोर्ट में पायलट की तरफ से हरीश साल्वे औऱ मुकुल रोहतगी पैरवी कर रहे हैं। वहीं अभिषेक मनु सिंघवी राजस्थान सरकार की तरफ से केस लड़ रहे हैं। (Photos: Social Media)
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देश के तमाम बड़े केस लड़ चुके हरीश साल्वे की फीस की बात करें तो वह मोटी रकम चार्ज करते हैं। लीगली इंडिया रिपोर्ट ने 2015 में बताया था कि साल्वे हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट दोनों के लिए 6-15 लाख रूपए प्रति सुनवाई फीस लेते हैं।
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पूर्व अटॉर्नी जनरल और सीनियर एडवोकेट मुकुल रोहतगी की फीस की बात करें तो Pathlegal ने 2017 में एक रिपोर्ट छापी थी जिसमें लिखा था कि तब उनकी फीस 5 लाख रुपए प्रति सुनवाई हुआ करती थी।
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अभिषेक मनु सिंघवी का नाम भी देश के बड़े वकीलों में शुमार है। सुप्रीम कोर्ट में अभिषेक मनु सिंघवी की फीस 6 से 11 लाख बताई जाती है तो वहीं दिल्ली हाई कोर्ट में वह 7 से 15 लाख प्रति सुनवाई लेते हैं।
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के के वेणु गोपाल को 30 जून, 2017 को भारत सरकार द्वारा अटॉर्नी जनरल नियुक्त किया गया था। अटॉर्नी जनरल के रूप में उन्होंने आधार, राफेल आदि जैसे महत्वपूर्ण मामलों में केंद्र का बचाव किया। साल 2017 में बिजनेस स्टैंडर्ड की एक रिपोर्ट में बताया गया था कि के के वेणु गोपाल सुप्रीम कोर्ट में प्रति सुनवाई 5 लाख से 7.5 लाख रुपए चार्ज किया करते हैं। वहीं दिल्ली हाईकोर्ट के लिए उनकी फीस 7 से 15 लाख के करीब बताई गई।
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गोपाल सुब्रमण्यम साल 2009 से 2011 तक भार के सोलिसिटर जनरल भी रह चुके हैं। उन्होंने केंद्र सरकार के शिक्षण संस्थानों में ओबीसी कोटा और दिल्ली में सीलिंग जैसे मुद्दों पर भी कोर्ट में बहस की थी। साल 2017 में बिजनेस स्टैंडर्ड की एक रिपोर्ट के मुताबिक गोपाल सुब्रमण्यम बतौर फीस 5.5 लाख से 15 लाख रुपए तक लेते हैं। <a href="https://www.jansatta.com/photos/picture-gallery/upsc-nda-na-i-admit-card-2017-released-at-upsc-gov-in-candidates-download-the-exam-e-admit-card-before-23-april-know-exam-date-and-steps-to-download-hall-tickets-check-updates-here/291361/">जानिए देश के दूसरे नामी वकील कितनी लेते हैं फीस</a>