
लेखक अतुल कनक का कहना है कि तकनीक जानवरों की भाषा समझने तक पहुंच रही है, लेकिन इंसानी समाज उदासीनता…

लेखक अतुल कनक का कहना है कि तकनीक जानवरों की भाषा समझने तक पहुंच रही है, लेकिन इंसानी समाज उदासीनता…

जनसत्ता अखबार के स्तम्भ ‘दुनिया मेरे आगे’ में आज पढ़ें अलका ‘सोनी’ के विचार।

मतदाता सूची पुनरीक्षण में बढ़ते दबाव, बीएलओ की मौतों, सरकारी चुप्पी और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर उठ रहे सवालों…

शांत रहकर परिस्थिति को समझना और सही समय पर निर्णय लेना जीवन की सबसे बड़ी कला है। यह न केवल…

अमेरिका की ओर से भारत पर पचास फीसद तक शुल्क लगाए जाने के बाद भारत ने रूस और चीन के…

जल, वायु और मृदा- ये तीनों ही पर्यावरण के अभिन्न अंग हैं। हम अपने जीवन को सुगम और सुरक्षित बनाना…

प्लास्टिक ने भले ही हमारे जीवन को आसान बना दिया है, लेकिन इससे होने वाला प्रदूषण आज विश्व स्तर पर…

रंजना मिश्रा अपने इस लेख में बता रही हैं कि हालिया रुझानों में, जिस रणनीति ने सबसे ज्यादा दहशत पैदा…

जनसत्ता अखबार के स्तम्भ 'दुनिया मेरे आगे' में आज पढ़ें शिखर चंद जैन के विचार। हमारे मन में हर पल…

धुंध के परे, एक शहर जो अपनी स्मृति खो रहा है!- दिल्ली की यह घुटन केवल मौसम की देन नहीं,…

जब उपेक्षित हृदय कहता है कि जिस धन में किसी का दुख जुड़ा हो, वह अपने पास नहीं रखना चाहिए,…

कृत्रिम मेधा का तेजी से विस्तार इसके नैतिक निहितार्थों और पर्यावरणीय प्रभाव को लेकर चिंताएं बढ़ाने लगा है। इसके बढ़ते…