हरियाणा सरकार ने एक बयान जारी कर यह साफ कर दिया है कि CID पर सीएम मनोहरलाल खट्टर का नियंत्रण होगा। बता दें कि बयान में यह कहा गया है कि सीएम की सलाह पर गवर्नर ने मुख्यमंत्री और दो मंत्रियों को नए पद संभालने का जिम्मा दिया है। कई दिनों से मनोहरलाल खट्टर और गृह मंत्री अनिल विज के बीच चल रहे इस तनातनी बुधवार (22 जनवरी) देर रात साफ हो गया। वहीं इस पूरे मुद्दे पर विज ने कहा था कि CID पर नियंत्रण को लेकर सीएम खट्टर से कोई विवाद नहीं है। उन्होंने सीएम को अपना अच्छा मित्र भी बताया था।
विज ने मांगा था CID पर नियंत्रणः इस पर भाजपा ने बुधवार को कहा था कि सीआईडी के नियंत्रण को लेकर हरियाणा के सीएम मनोहर लाल खट्टर और गृह मंत्री अनिल विज के बीच मतभेद सुलझ गए हैं। पार्टी ने कहा कि सरकार के मुखिया होने के नाते मुख्यमंत्री जो विभाग अपने पास रखना चाहें रख सकते हैं। भाजपा महासचिव अनिल जैन ने कहा, ‘मुद्दे का समाधान हो गया है। मुख्यमंत्री सरकार के मुखिया हैं और वह जो भी (विभाग) रखना चाहें रख सकते हैं।’ बता दें कि भाजपा के हरियाणा प्रभारी जैन मुद्दे को सुलझाने के प्रयासों के केंद्र बिंदु में रहे हैं क्योंकि विज ने अपने पास गृह विभाग होने के आधार पर पहले सीआईडी का नियंत्रण मांगा था।
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सीएम के पास रहेगा CID का नियंत्रण- हरियाणा सरकारः विवाद बढ़ने पर खट्टर ने कहा था कि राज्य में सीआईडी का नियंत्रण पारंपरिक रूप से मुख्यमंत्री के पास रहा है। लेकिन हरियाणा सरकार ने बुधवार देर रात को बयान जारी कर यह साफ कर दिया कि CID पर नियंत्रण सीएम का ही होगा।
विज ने लगातार छठी बार विधानसभा चुनाव में दर्ज की जीतः बता दें कि पिछले साल राज्य विधानसभा के लिए हुए चुनाव में विज ने अपनी सीट से छठी बार जीत दर्ज की थी। राज्य सरकार में उन्हें गृह मंत्री बनाए जाने के बाद दोनों नेताओं के बीच मतभेद बढ़ने लगे। विज ने छठी बार जीत ऐसे समय दर्ज की थी जब भाजपा सरकार के अधिकतर मंत्री चुनाव हार गए थे।
सीआईडी प्रमुख एडीजीपी पर कार्रवाई की मांग कीः इससे पहले भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व खट्टर के समर्थन में खड़ा था, लेकिन यह स्पष्ट नहीं था कि विज ने निर्णय स्वीकार किया गया है या नहीं। ऐसा इसलिए कहा जा रहा है क्योंकि विज ने सीआईडी के प्रमुख एडीजीपी अनिल कुमार राव पर अवज्ञा का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग की थी। बता दें कि वर्ष 2014 से 2019 तक गृह विभाग मुख्यमंत्री के पास था।
