पूर्व केंद्रीय मंत्री और कभी दिग्गज भाजपा नेता रहे यशवंत सिन्हा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि यह खेदजनक है कि हमारे प्रधानमंत्री ने स्वतंत्र भारत में महापुरुषों की सूची में जेपी (जयप्रकाश नारायण) को शामिल नहीं किया। दरअसल मंगलवार (25 सितंबर, 2018) को पीएम ने बीजेपी की महारैली में अपने भाषण के दौरान महात्मा गांधी, राम मनोहर लोहिया और पंडित दीन दयाल उपाध्याय का नाम लिया। पीएम ने जेपी का नहीं लिया, इसपर यशवतं सिन्हा खासे नाराज हो गए और ट्वीट कर पीएम पर निशाना साधा।

पं. दीनदयाल उपाध्याय की जयंती का जिक्र करते हुए मोदी ने कहा, “भाजपा ऐसा दल है, जो एकात्म मानववाद को लेकर चलता है। ऐसा दल दुनिया में नहीं है, जो मानवता की बात करता है।” मोदी ने आजादी के बाद के तीन आदर्श बताए। उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी, राम मनोहर लोहिया और पंडित उपाध्याय ही आदर्श हैं, और हमारा विश्वास समन्वय में रहा है।

बता दें कि कार्यकर्ता महाकुंभ में पीएम मोदी ने कांग्रेस पर जमकर हमला बोला और कहा कि भाजपा अगला चुनाव विकास के मुद्दे पर लड़ेगी, जबकि कांग्रेस समाज को तोड़कर सत्ता हथियाना चाहती है। मोदी ने कहा कि जम्बूरी मैदान में उपस्थित भाजपा कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा, “हमारी ताकत कार्यकर्ता हैं। हमें चुनाव धनबल, बाहुबल से नहीं, बल्कि जनबल से लड़ना है। वोट बैंक की राजनीति के लिए समाज में घोले जाने वाले जहर को रोकना होगा। यही कारण है कि तीन तलाक जैसे मुद्दों पर उस दल का नजरिया अलग है, जिसकी मुखिया महिला है।”

मोदी ने इशारों-इशारों में एससी-एसटी अधिनियम में संशोधन का जिक्र किए बिना कहा, “सबका विकास-सबका साथ सिर्फ चुनावी नारा नहीं है, बल्कि भाजपा का मकसद समाज के सभी वर्गो का विकास करना है। यही कारण है कि समाज के सभी वर्गो के लिए योजनाएं बनाई गई हैं।” प्रधानमंत्री मोदी ने राफेल सौदे का जिक्र किए बिना कांग्रेस पर हमला बोला और कहा, “देश में गठबंधन बनाने में सफल न होने वाली देश की सबसे पुरानी पार्टी दुनिया के देशों से गठबंधन कर रही है। कांग्रेस के इस रवैए को देश के जागरूक नागरिकों को समझना होगा।” (जनसत्ता ऑनलाइन इनपुट सहित)