मशहूर लेखक चेतन भगत ने आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर सोशल मीडिया (ट्विटर) पर एक सर्वे (पोल) कराया है। सर्वे में पूछा गया था कि क्या आप 2019 के लोकसभा चुनाव में अपना वोट दूसरे दल को देने के बारे में प्लान कर रहे हैं? इस सवाल पर अब तक कुल 51 हजार से ज्यादा लोगों ने अपनी राय दी है। इनमें से 66 फीसदी लोगों की राय है कि वो वोट पिछली बार की तरह फिर से बीजेपी गठबंधन को ही देंगे जबकि 18 फीसदी लोगों का मानना है कि वो अबकी बार बीजेपी को वोट नहीं देंगे। इन लोगों ने 2014 में बीजेपी गठबंधन को वोट दिया था। यानी इस सर्वे के मुताबिक बीजेपी के वोट बैंक में 18 फीसदी की गिरावट आ सकती है। हालांकि, 7 फीसदी लोगों ने बीजेपी को वोट देने की बात कही है, ये लोग पिछली बार नॉन बीजेपी वोटर थे। इसके अलावा 9 फीसदी वोटर जो नॉन बीजेपी वोटर थे उन लोगों ने राय दी है कि पहले की तरह इस बार भी वो बीजेपी को वोट नहीं देंगे। चेतन भगत ने लिखा है, “सोशल मीडिया पर अभी भी बीजेपी ताकतवर पार्टी बनी हुई है। हालांकि, विपक्षी दलों की एकता से उसे 2019 में थोड़ा नुकसान हो सकता है।”

चेतन भगत ने कुल तीन सर्वे किए हैं। दूसरे सर्वे में पूछा गया था कि मोदी सरकार ने किन मुद्दों पर आपको सबसे ज्यादा प्रभावित किया है? इस पर 31 फीसदी लोगों ने राय दी है कि उन्हें मोदी सरकार की अच्छी नीतियों ने प्रभावित किया है, जबकि 29 फीसदी लोगों का मत है कि मोदी सरकार ने उन्हें किसी हद तक प्रभावित नहीं किया है। 27 फीसदी लोगों का मानना है कि मोदी सरकार में करप्शन की दर घटी है और इससे वो प्रभावित हैं। 13 फीसदी लोगों का मानना है कि अब मोदी राज में भारत सुरक्षित है। इसमें कुल 18 हजार से ज्यादा लोगों ने अपनी राय जाहिर की है।

एक अन्य सर्वे में पूछा गया था कि किन वजहों से आपको सबसे ज्यादा मोदी सरकार से निराशा हुई है? इस सर्वे में 13 हजार से ज्यादा लोगों ने भाग लिया। इसके जवाब में 50 फीसदी लोगों का मानना है कि मोदी सरकार के कामकाज से उन्हें निराशा या असंतोष नहीं हुआ है, जबकि 26 फीसदी लोगों का मानना है कि मोदी सरकार लोगों का विभिन्न मुद्दों पर ध्रुवाकरण (बंटवारा) करती है। 15 फीसदी लोगों का मानना है कि मोदी सरकार की नीतियां खराब हैं और उनसे उन्हें असंतोष हुआ है। 9 फीसदी लोगों का कहना है कि मोदी सरकार दबंग (सामंती सोच) जैसा व्यवहार करती है।