Happy Eid-E-Milad-Un-Nabi Mubarak 2019 Whatsapp Wishes Images, Status, Quotes, SMS, Messages, GIF Pics, Photos: ईद-ए-मिलाद बहुप्रतीक्षित मुस्लिम त्योहारों में से एक है। यह त्योहार मुस्लिम समुदाय के लिए खुशियां लेकर आता है। दुनियाभर के मुसलमान पैगंबर मोहम्मद को श्रद्धांजलि देते हैं। त्योहार के दिन, वे नए कपड़े पहनेंगे और विशेष प्रार्थनाएं प्रस्तुत करने के लिए निकटतम मस्जिदों का दौरा करते हैं। पैगंबर मोहम्मद का जन्म अरब के एक शहर मक्का में हुआ था। उनकी शिक्षाओं को समुदाय के लिए बहुत मूल्यवान माना जाता है।
हजरत मोहम्मद ने नेक विचार दुनिया को बताते हुए कहा था कि सबसे अच्छा इंसान वही है जिससे मानवता की भलाई होती है। उन्होंने पैगाम दिया था कि जो ज्ञान का आदर करता है, वही मेरा आदर करता है। ज्ञान को ढूंढने वाला अज्ञानियों के बीच वैसा ही है जैसे मुर्दों के बीच जिंदा। हरजरत मोहम्मद कहते थे कि भूखे को खाना दो, बीमार की देखभाल करो, अगर कोई अनुचित रूप से बंदी बनाया गया है तो उसे मुक्त करो, संकट में फंसे प्रत्येक व्यक्ति की मदद करो, भले ही वह मुसलमान हो या किसी और धर्म का।
मुस्लिम पैगंबर मुहम्मद की महान शिक्षाओं को याद करने और चर्चा करने के लिए बैठकें आयोजित करते हैं। इस दिन लोग एक-दूसरे को संदेश भेजकर ढेर सारी शुभकामनाएं देते हैं। यहां से आप बेहतरीन और ट्रेंडिंग मैसेज, कोट्स और स्टेटस भेज सकते हैं।
1. वो चांद का चमकना
वो मस्जिदों का सवरना
वो मुसलमानों की धूम।।
ईद-ए-मिलाद-उन-नबी मुबारक

2. Wishing you all a very happy eid-e-milad,
And hoping that all the things you wish
For will be yours throughout the year…
Eid-e-milad Mubarak

3. खुशबू-ए-गुलाब है पसीना रसूल का
आप को भी हो मुबारक महीना रसूल का ईद-ए-मिलाद-उन-नबी मुबारक

4. दिए जलते और जगमगाते रहे
हम आपको इसी तरह याद आते रहे
जब तक जिंदगी है ये दुआ हैं हमारी
आप चाँद की तरह जगमगाते रहें ईद-ए-मिलाद-उन-नबी मुबारक

5. अल्लाह आपको ईद-ए-मिलाद-उन-नबी के मुक्कदस मोके पर तमाम
खुशियां अता फरमाएं
और आपकी इबादत कबूल करें
ईद-ए-मिलाद-उन-नबी मुबारक

6. वो चाँद का चमकना
वो मस्जिदों का सवरना
वो मुसलमानों की धूम
ईद-ए-मिलाद-उन-नबी मुबारक

7. जिन लोगों तक नहीं पहुंच सकती मेरी बाहें,
उनके लिए मन से हमेशा निकलती हैं दुआएं,
बख्शे खुदा सबके गुनाह,
बस यही करता हूं दुआएं
ईद-ए-मिलाद-उन-नबी मुबारक
ईद-ए-मिलाद/मिलाद-उन-नबी को लेकर शिया और सुन्नी दोनों के अलग-अलग मत हैं। शिया समुदाय पैगंबर हजरत मुहम्मद के जन्म की खुशी में इसे मनाता है तो वहीं सुन्नी समुदाय में कुछ का मानना है कि ये दिन उनकी मृत्यु का दिन है, इस कारण वो पूरे माह शोक मनाते हैं। हालांकि सुन्नियों में खासतौर पर पैगंबर के जन्मदिन का जश्न बरेलवी समुदाय के लोगों द्वारा मनाया जाता है।


हरजरत मोहम्मद ने कहा था कि भूखे को खाना दो, बीमार की देखभाल करो, अगर कोई अनुचित रूप से बंदी बनाया गया है तो उसे मुक्त करो, संकट में फंसे प्रत्येक व्यक्ति की सहायता करो, भले ही वह मुसलमान हो या किसी और धर्म का।
दुनिया की हर फिजा में उजाला रसूल का
ये सारी कायनात सदका रसूल का
खुशबू-ए-गुलाब है पसीना रसूल का
आप को भी हो मुबारक महीना रसूल का
ईद-ए-मिलाद-उन-नबी मुबारक