Pro Kabaddi 2018: प्रो कबड्डी लीग सीजन-6 में 23 नवंबर को दूसरा मैच जयपुर पिंक पैंथर्स और पुणेरी पलटन के बीच खेला गया, जो 30-30 से टाई रहा। बता दें कि आज के पहले मैच बेंगलुरु बुल्स-बंगाल वॉरियर्स के बीच खेला गया, जिसमें बेंगलुरु ने 33-31 से जीत दर्ज की। मैच के पहले हाफ तक बेंगलुरु बुल्स को ऑलआउट का सामना करना पड़ा, जहां से बंगाल ने लीड बना ली, लेकन 35वें मिनट बंगाल को भी इस परिस्थिति से गुजरना पड़ा, जहां से मामला बराबरी पर आ गया। अंकतालिका पर नजर डालें, तो जोन-ए में पुणे 15 मैचों में 39 अंकों के साथ तीसरे, जबकि गुजरात 11 मैचों में 17 प्वाइंट्स के साथ छठे पायदान पर है। जोन-बी में बेंगलुरु 40 प्वाइंट्स के साथ टॉप पर, जबकि बंगाल 32 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर मौजूद है।
बेंगलुरू को घरेलू चरण के पहले मुकाबले में मिली हार: पहले मैच में बंगाल वॉरियर्स ने पुणे चरण के शुरुआती मुकाबले में बेंगलुरू बुल्स को 33-31 से मात दी। बेंगलुरू इस सीजन अपने सभी घरेलू मुकाबले पुणे में खेलेगी। मेजबान टीम ने मैच की शुरुआत अच्छी की और पहले रेड से ही आक्रामक रवैया अपनाया। पहले हाफ में 14 मिनट तक बेंगलुरू 11-10 से आगे थी लेकिन महेश गौड़ दमदार रेड लगाकर बंगाल को बढ़त दिलाने में कामयाब रहे।
बढ़त बनाने के बाद बंगाल का दबदबा देखने को मिला लेकिन दूसरे हाफ में मेजबान टीम वापसी करने में कामयाब रही। पवन शेरावत ने बेहतरीन प्रदर्शन किया और दोनों टीमें 26-26 से बराबर हो गई। इसके बाद, मेहमान टीम एक बार फिर आगे निकल गई और मैच को अपने नाम करने में कामयाब रही।
बंगाल के लिए इस मुकाबले में रेड के जरिए सबसे अधिक अंक युवा खिलाड़ी मनिंदर सिंह (14) ने हासिल किए जबकि रण सिंह ने टैकल से दो अंक प्राप्त किए। दूसरी ओर, बेंगलुरू के लिए रेडर शेरावत ने 10 अंक और डिफेंडर आशीष सांगवान दो अंक अपने नाम किए।
[show_pro_kabaddi_scorecard id=”703″]

Highlights
जयपुर-पुणे के बीच मैच 30-30 से टाई। ये इस सीजन का सातवां टाई मैच रहा।
जयपुर-पुणे के बीच मैच 30-30 से टाई। ये इस सीजन का सातवां टाई मैच रहा।
मैच खत्म होने में 7 मिनट बाकी और जयपुर ऑलआउट। यहां से पुणे सिर्फ 1 अंक से पीछे रह गया है। जयपुर 25, पुणे 24
मैच समाप्त होने में 13 मनट बाकी। जयपुर ने इस वक्त तक 19-17 से लीड बना रखी है।
पहले हाफ का खेल समाप्त हो चुका है। जयपुर ने 17-10 से लीड बना रखी है।
दीपक निवास हुड्डा ने पीकेएल इतिहास में अपने 600 रेड अंक पूरे कर लिए हैं। मैच के पहले 10 मिनट में जयपुर ने 7-5 से लीड बना रखी है।
जयपुर ने मुकाबले में पहले 2 अंक अपने नाम किए। वहीं दूसरे मिनट पुणे अपना खाता खोल सका है।
जयपुर ने मुकाबले में पहले 2 अंक अपने नाम किए। वहीं दूसरे मिनट पुणे अपना खाता खोल सका है।
आज का दूसरा मैच शुरू हो चुका है। जयपुर ने टॉस जीतकर कोर्ट चुना है।
जयपुर पिंक पैंथर्स: दीपक निवास हूडा, संदीप धुल्ल, मोहित छिल्लर, अनुप कुमार, के सेल्वामनी, बाजीराव हेगडे, चैंग को, डेविड मोसाम्बयी, गंगाधरी मल्लेश, सुनील सिद्धगवली, आनंद पाटिल, शिवा रामाकृष्णा, ब्रिजेंद्र सिंह चौधरी, लोकेश कौशिक।
पुणेरी पलटन: नितिन तोमर, विनोद कुमार, संजय श्रेष्ठ, परवेश, अक्षय जाधव, बजरंग, ताकामित्सु कोनो, संदीप नरवाल, राजेश मंडल, मोरे जीबी, गिरीश मारुति एर्नाक, विकास खत्री, रिंकू नरवाल, मोनू, अमित कुमार।
बंगाल वॉरियर्स ने मैच को 33-31 से अपने नाम किया।
बंगाल ने मैच में वापसी करते हुए तेजी से 4 अंक जुटा लिए हैं। बंगाल 30, बेंगलुरु 26
मैच के 35वें मिनट बंगाल ऑलआउट। इसी के साथ बेंगलुरु ने बराबरी कर ली है। बंगाल 26, बेंगलुरु 26
बंगाल वॉरियर्स ने 27 मिनट के खेल तक 24-17 से लीड बना रखी है। पवन सेहरावत आज उम्दा प्रदर्शन नहीं कर पा रहे हैं।
बेंगलुरु बुल्स ने पहले हाफ के आखिरी मिनट में ऑलआउट का सामना करना पड़ा। यहां से बंगाल ने 4 प्वाइंट्स की लीड बना ली है। बंगाल 18, बेंगलुरु 14
पहले 15 मिनट के खेल तक बेंगलुरु ने 11-9 से लीड बना ली है।
मैच के पहले 7 मिनट में बेंगलुरु बुल्स 5-6 से पीछे चल रहा है। फिलहाल यहां कांटे की टक्कर देखने को मिल रही है।
बंगाल ने टॉस जीतकर कोर्ट चुना है। पहले दो मिनट के खेल तक बेंगलुरु बुल्स ने 2-1 से लीड बना रखी है।
रोहित ने कहा, "मेरा खेल पिछले सीजन से बहुत बेहतर हो गया है। पिछले सीजन मेरे पास लीग जैसे बड़े स्तर पर खेलने का अनुभव नहीं था और मैंने पूरा संस्करण चीजों को जानने में लगाया। लेकिन इस बाद मैं आत्मविश्वास के साथ खेल रहा हूं और अपनी टीम को आगे तक लेकर जाऊंगा।"
गुजरात फॉर्च्यूनजाएंट्स ने पिछले सीजन फाइनल तक का सफर तय किया था और इस सीजन फिलहाल वे जोन-ए की तालिका में पहले पायदान पर काबिज हैं। 20 वर्षीय रोहित ने टीम के लिए लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है और उनका मानना है कि पिछले सीजन से मिला अनुभव उनके बहुत काम आ रहा है।
लीग की सफलता को देखते हुए देश में प्रतिभाशाली युवा खिलाड़ियों को खोजने के लिए 'फ्यूचर कबड्डी हीरोज' कार्यक्रम चलाया गया। 2018 एशियाई खेलों में ईरान और दक्षिण कोरिया की टीमों के प्रदर्शन ने भी ऐसे कार्यक्रम की आवश्यकता को रेखांकित किया।
प्रो-कबड्डी लीग की सफलता ने भारत में युवाओं के लिए इस खेल को एक नए विकल्प के रूप में प्रस्तुत किया है। क्रिकेट के लिए जुनूनी इस देश में कबड्डी लंबे समय से खेला जाता रहा है लेकिन शीर्ष स्तर पर वित्तीय समस्याओं के कारण युवा इसे करियर के रूप में चुनने से कतराते थे। लीग के शुरू होने के बाद अब इस सोच में बदलाव आया है।
बंगाल वॉरियर्स: रण सिंह, जैंग कुन ली, जियाउर रहमान, श्रीकांत तेवतिया, महेश गौड, विजिन थंगादुरई, भुपेंदर सिंह, विठ्ठल मेती, अमित कुमार, राकेश नरवाल, अमित नागर, आशिष छोकर, मनोज धुल्ल, सुरजीत सिंह, मनिंदर सिंह, रवींद्र रमेश कुमावत, अमरेश मंडल, मिथिन कुमार।
बेंगलुरु बुल्स: पवन कुमार, महेंद्र सिंह, काशिलिंग अडाके, जसमेर सिंह गूलिया, राजू लाल चौधरी, डोंग जू हांग, ग्यूंग ताए किम, संदीप, जवाहर विवेक, महेश मारुति मगदम, महेंद्र सिंह ढाका, नितेश बीआर, अनिल, आनंद वी, रोहित, रोहित कुमार, हरीश नाईक, अमित शेरोन, सुमित सिंह।