दुनिया की पूर्व नंबर एक महिला शटलर साइना नेहवाल ने अपने पेशेवर करियर को लेकर ऐसा बयान दिया है जिसे सुनकर उनके प्रशंसकों को धक्का लग सकगता है। शीर्ष भारतीय शटलर साइना नेहवाल ने अंतर्राष्ट्रीय बैडमिंटन में लौटने के अपने विश्वास पर  सवाल उठा दिया है। कुछ महिनों पहले साइना के घुटने के सर्जरी हुई थी उसके बाद से वो दुबारे अपनी फिटनस पाने के लिए कोशिश कर रही हैं। साइना ने ईएसपीएन से बात करते हुए कहा कि, ‘कभी-कभी मुझे लगता है कि चोटों के कारण मेरा करियर अब खत्म हो गया।’ साइना को हाल ही में अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति की एथलेटिक्स कमीशन की सदस्य बनाया गया है। हैदराबादी शटलर साइना 15 नवंबर से शुरू हो रही चाइना सुपर सीरीज से एक बार फिर कोर्ट में नजर आएंगी।

साइना ने कहा, ‘ठीक ही है, कई लोग मान रहे हैं कि मेरा करियर खत्म हो गया है और मैं वापसी नहीं कर पाऊंगी। मेरे भी मन में कई बार यही विचार उठते हैं, कि संभव है मेरा करियर यहीं खत्म हो जाए। तो देखते हैं, आगे क्या होता है। कुछ भी हो सकता है, जिसे हम-आप अभी नहीं जान सकते। अगर लोग यह सोच रहे हैं कि मेरा करियर खत्म हो चुका है, तो मैं बेहद खुश हूं। एक तरह से यह अच्छा ही है। लोग मेरे बारे में बहुत सोचते हैं, संभव है अब वे न सोचें। मेरे लिए अभी सबसे बड़ी बात अपना खयाल रखना और पूरी तरह स्वस्थ होना है, क्योंकि यह सब बहुत पीड़ा देने वाला है।

26 वर्षीय साइना को रियो ओलंपिक में भाग लेने जाने से एक हफ्ते पहले घुटने में दिक्कत हुई थी। इसी चोट के चलते वह खेलों के इस महाकुंभ के दूसरे ही दौर में हार कर बाहर हो गई थीं।  ‘लंदन ओलंपिक की कांस्य पदक विजेता साइना ने कहा मैं अभी सिर्फ अगले एक वर्ष के बारे में सोच रही हूं। मैं अगले पांच-छह वर्षो के लिए कोई लक्ष्य नहीं बना रही। मेरा मन अगले एक-दो वर्ष में बदल सकता है। एक टूर्नामेंट जीतने की खुशी इतनी नहीं होती है, जितना दर्द चोट से होता है।