पृथ्वी शॉ ने 2018 में अपने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट करियर की शुरुआत शानदार ढंग से की थी। वे टेस्ट सीरीज में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए तैयार थे। हालांकि, आखिरी मिनट में चोट ने उन्हें दौरे से बाहर कर दिया। उन्होंने आईपीएल 2019 में दिल्ली कैपिटल्स के लिए खेला, लेकिन प्रतिबंधित पदार्थ का सेवन करने के कारण उन पर 8 महीने का बैन लग गया।

नवंबर 2019 में उन्होंने वापसी की और मुंबई के लिए रनों का पहाड़ खड़ा कर दिया। वे टीम इंडिया में वापसी को भी तैयार थे, लेकिन किस्मत ने फिर उन्हें दगा दे दिया। रणजी ट्रॉफी टूर्नामेंट में कर्नाटक के खिलाफ उनका कंधा चोटिल हो गया। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने उन्हें राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी (एनसीए) भेजा है। उनकी चोट कितनी गंभीर है, इसका अब तक पता नहीं चला है, लेकिन यह स्पष्ट हो गया है कि वे न्यूजीलैंड में इंडिया ए के दोनों अभ्यास मैचों में हिस्सा नहीं ले पाएंगे।

बीसीसीआई के बयान के मुताबिक, ‘पृथ्वी शॉ अभी एनसीए में स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं। वनडे और चार दिवसीय मैच में उनके हिस्सा लेने को लेकर बाद में फैसला लिया जाएगा।’ इसी अनिश्चितता के चलते उनका आईपीएल 2020 में खेलना संदिग्ध लग रहा है। यदि वे दिल्ली कैपिटल्स को अपनी सेवाएं देने में असमर्थ रहते हैं तो उनकी जगह किसी चुना जाएगा इसे लेकर मौजूदा समय में तीन खिलाड़ियों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिल रही है। ये हैं बड़ौदा के केदार देवधर, मध्य प्रदेश में जन्में हरप्रीत सिंह और चेन्नई सुपरकिंग्स के लिए खेल चुके चैतन्य बिश्नोई। आइए जानें वे कौन सी विशेषताएं हैं जो इन्हें पृथ्वी शॉ का विकल्प बना सकती हैं।

केदार देवधर : केदार ने सैयद मुश्ताक अली टी20 टूर्नामेंट में बड़ौदा की ओर से 10 मैच खेले। इसमें उन्होंने 39.55 के औसत से 356 रन बनाए। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 133.33 का रहा। इसमें उनके 3 अर्धशतक भी शामिल हैं। दाएं हाथ का यह बल्लेबाज पिछले काफी समय से घरेलू मैचों में शानदार प्रदर्शन कर रहा है। वे टी20 मैचों में शतक भी लगा चुके हैं। दिल्ली कैपिटल्स पृथ्वी शॉ की जगह उनके नाम पर विचार कर सकती है।

केदार देवधर, हरप्रीत सिंह और चैतन्य बिश्नोई।

हरप्रीत सिंह : हरप्रीत सिंह ने भी सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में छत्तीसगढ़ की ओर से खेलते हुए शानदार प्रदर्शन किया था। उन्होंने 7 मैचों में 146.22 के स्ट्राइक रेट से 329 रन बनाए थे। बाएं हाथ का यह बल्लेबाज पूर्व में कोलकाता नाइटराइडर्स और पुणे वॉरियर्स की ओर से खेल चुका है। दिल्ली कैपिटल्स के लिए 2010 से टी20 मैचों में हिस्सा ले रहे हरप्रीत भी पृथ्वी शॉ का विकल्प हो सकते हैं।

चैतन्य बिश्नोई : चेन्नई सुपरकिंग्स ने इस साल आईपीएल के लिए चैतन्य विश्नोई को रिलीज कर दिया था। हालांकि, पिछले साल उनका प्रदर्शन खराब नहीं रहा था। बिश्नोई को पृथ्वी शॉ का विकल्प बनाने के पीछे एक स्पष्ट कारण यह भी हो सकता है क्योंकि वे दिल्ली के रहने वाले हैं। उन्हें अरुण जेटली स्टेडियम के विकेट की अच्छी समझ है। वे अंडर-16 और अंडर-19 के स्तर पर हरियाणा की ओर से काफी मैच खेल चुके हैं। सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में भी उन्होंने 2 अर्धशतक समेत 280 रन बनाए थे।