India vs Bahrain Football Match , AFC Asian Cup 2019 Football: भारत को दूसरे हाफ के इंजुरी टाइम में गोल गंवाने का खामियाजा भुगतना पड़ा और सोमवार को यहां बहरीन के हाथों 0-1 की हार के साथ ही उसने एएफसी एशियाई कप के नॉकआउट में पहुंचने का सुनहरा अवसर खो दिया। भारत को नॉकआउट में पहुचने के लिए इस मैच में जीत या ड्रा की जरूरत थी। उसने 91वें मिनट तक बहरीन को रोके रखा लेकिन उसने आखिरी पल में एक अंक हासिल करने का मौका गवां दिया जो उसे भारी पड़ा। आज के मैच में भारतीय कप्तान प्रणय हल्दर की गलती से बहरीन को पेनाल्टी मिली जिसे जमाल राशिद ने गोल में बदलने में गलती नहीं की। भारत ने अपने पहले मैच में थाईलैंड को 4-1 से हराया था लेकिन वह मेजबान यूएई से 0-2 से हार गया था।
भारत को शुरू में रक्षक अनस इथाहोडिका के चोटिल होने से झटका लगा और चौथे मिनट में ही कोच स्टीफन कान्सटेनटाइन को उनकी जगह एस रंजन सिंह को उतारना पड़ा। भारत को रक्षापंक्ति में अनस की कमी खली लेकिन हल्दर और संदेश झिंगान ने अच्छा खेल दिखाया। दोनों टीमों ने शुरू में आक्रामक रवैया अपनाया और एक-दूसरे पर कुछ अच्छे हमले किये। भारत के पास 13वें मिनट में मौका था जब हालीचरण नरजारी के क्रास को बहरीन के खिलाड़ियों ने बचा दिया लेकिन प्रीतम कोटाल ने गेंद पर कब्जा करके उसे आशिक कुरूनियान की तरफ बढ़ाया। उनका हेडर हालांकि बहरीन के गोलकीपर सैयद शुब्बार ने आसानी से बचा दिया। भारतीय टीम हावी होकर खेल रही थी। खेल के 28वें मिनट में हल्दर, उदांता सिंह, आशिक और नरजारी अच्छा तालमेल बनाकर बहरीन के गोल की तरफ बढ़े। हल्दर ने आखिर में नरजारी को गेंद दी जिन्होंने उसे बाक्स में सुनील छेत्री के पास भेजा लेकिन हमद अल शमसान ने बहरीन पर आया यह संकट टाल दिया।
बहरीन आधा घंटे का खेल होने के बाद अधिक आक्रामक दिखायी दिया। वह 33वें मिनट में पहली बार गोल करने की स्थिति में पहुंचा लेकिन संदेश झिंगान ने बेहतरीन बचाव करके भारत को सुरक्षित रखा। तब अहमद जुमा ने बॉक्स के अंदर मोहम्मद अल रोमेही को गेंद थमायी थी। इसके बाद 39वें मिनट में हल्दर ने अच्छा बचाव किया। हल्दर ने कप्तानी की अपनी भूमिका से पहले हाफ के इंजुरी टाइम में भी पूरी तरह से न्याय किया जब उन्होंने जुमा के कार्नर को हेडर से बचाकर मध्यांतर तक मैच को गोलरहित बराबरी पर रखा। बहरीन के पास 60वें मिनट में गोल करने का सुनहरा मौका था लेकिन झिंगान की तारीफ करनी होगी जिन्होंने भारत पर से संकट टाला। इसके छह मिनट बाद उदान्ता सिंह ने अब्दुल्ला यूसुफ को गोल करने से रोका।
बहरीन पूरी तरह से हावी था और भारत भाग्यशाली था जो 71वें मिनट में वह गोल खाने से बच गया। तब झिंगान भी चूक गये थे लेकिन स्थानापन्न मोहम्मद महरून का शॉट गोलपोस्ट से टकरा गया। खेल के 85वें मिनट में गोलकीपर गुरप्रीत सिंह ने भी एक हाथ से अच्छा बचाव किया।


20 मिनट के इस खेल में बहरीन की टीम काफी प्रभावी और अटैकिंग नजर आ रही है। वहीं भारत की मिडफील्ड बहरीन के मुकाबले कमजोर नजर आ रही है।
20 मिनट के इस खेल में बहरीन की टीम काफी प्रभावी और अटैकिंग नजर आ रही है। वहीं भारत की मिडफील्ड बहरीन के मुकाबले कमजोर नजर आ रही है।
बहरीन लगातार आक्रामक खेल दिखा रही है, वहीं अनस के जाने के बाद टीम इंडिया थोड़ी कमजोर दिख रही है।
टीम के स्टार खिलाड़ी माने जा रहे अनस अनफिट नजर आ रहे हैं और उन्हें मैदान से बाहर जाना पड़ा है। ये भारत के लिए शुभ संकेत नहीं है। उनकी जगह सलाम रंजन आए हैं।
भारत और बहरीन की टीमें आमने-सामने आ गई हैं। अब देखना होगा कि आखिर किस रणनीति के तहत दोनों टीमें मैदान में उतरती हैं। भारत ने 7 में से सिर्फ 1 मुकाबले में जीत दर्ज की है वो भी 1989 में।
बहरीन और भारत के बीच आज ऐतिहासिक मुकाबला बस थोड़ी देर में शुरू होने जा रहा है। भारत का इस एशियन कप का सफर शानदार रहा है। ऐसे में इस मुकाबले में टीम इंडिया खासकर सुनील पर निगाहें होंगी।
एशियन कप का ये मुकाबला टीम इंडिया के लिए बेहद अहम होने वाला है। अगर भारत इस मुकाबले को जीत जाता है तो वो नॉकआउट में पहुंच जाएगा, लेकिन अगर वो हार गया तो फिर इसमें संशय रहेगा।