भारत और आस्ट्रेलिया के बीच यहां मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (एमसीजी) पर खेले जा रहे तीसरे टेस्ट मैच का पहला दिन पदार्पण करने वाले सलामी बल्लेबाज मयंक अग्रवाल के नाम रहा। चेतेश्वर पुजारा ने भी अपने हाथ दिखाए। इन दोनों की अर्धशतकीय पारियों के दम पर भारत ने पहले दिन का खेल खत्म होने तक 89 ओवरों में दो विकेट खोकर 215 रन बनाए। बुधवार को दिन का खेल खत्म होने पर पुजारा 66 रन बनाकर खेल रहे थे। मैच के पहले ऑस्ट्रेलियाई कप्तान से कुछ ऐसा हुआ, जिससे उनके साथ खिलाड़ी को काफी निराशा महसूस हुई।

दरअसल हुआ यूं कि कोहली जब 47 रन पर थे तब कप्तान टिम पेन ने दिन के आखिरी क्षणों में मिशेल स्टार्क की गेंद पर उनका आसान कैच छोड़ दिया। इस घटना के बाद उनके साथी ट्रेविस हेड ने कहा, ‘‘स्टार्क ने वह दिन का सर्वश्रेष्ठ ओवर किया था। उन्होंने कोहली को अंदर और बाहर जाती गेंदों से परेशान किया। उम्मीद है कि यह नई गेंद कल सुबह भी उपयोगी साबित होगी। यह मौका गंवाना निराशाजनक है लेकिन ऐसा होता है।”

हेड ने आगे कहा, “हम आज (26 दिसंबर) चार-पांच विकेट लेना पसंद करते लेकिन कल सुबह का सत्र काफी महत्वपूर्ण होगा और अगर हम सुबह दो विकेट लेने में सफल रहते हैं, तो इसका फायदा मिलेगा क्योंकि गेंद सख्त रहेगी और बाद में बायें हाथ के दो बल्लेबाज खेलने के लिए आएंगे।”

चेतेश्वर पुजारा और विराट कोहली। (Photo Courtesy: ICC)

उन्होंने कहा, ‘‘यह मुश्किल दिन था। टेस्ट क्रिकेट के लिहाज से बेहद परिश्रम वाला दिन और उन्होंने अच्छी बल्लेबाजी की। हमने दबाव बनाया और हमने अब तक पूरी श्रृंखला में देखा है कि किसी भी दिन ऊंची दर से रन नहीं बने। टेस्ट क्रिकेट में कई बार ऐसा होता है। हमेशा आपको अच्छा विकेट नहीं मिलता और आज हमें कड़ी मेहनत करनी पड़ी। अब कल की सुबह अहम होगी और हमें सुनिश्चित करना होगा कि हम कल भी आज जैसी गेंदबाजी करें। मुझे लगता है कि हमने कड़ी परिस्थितियों में भारत पर अंकुश लगाए रखा।’’