भारत ने बांग्लादेश के खिलाफ डे-नाइट टेस्ट के शुरूआती दिन स्टंप तक पहली पारी में 46 ओवर में तीन विकेट पर 174 रन बनाकर 68 रन की बढ़त बना ली। स्टंप तक विराट कोहली 59 रन और अजिंक्य रहाणे 23 रन बनाकर क्रीज पर मौजूद थे। बांग्लादेश की टीम पहली पारी में 106 रन पर सिमट गयी थी। पहले दिन के खेल खत्म होने तक भारत ने बांग्लादेश पर 68 रन की बढ़त बना ली है। भारत की ओऱ से कप्तान विराट कोहली 59 और अजिंक्य रहाणे 23 बनाकर क्रीज पर मौजूद हैं। भारतीय सलामी बल्लेबाज भी ज्यादा देर तक नहीं टिक पाये, लेकिन ईडन गार्डन्स पर गेंदबाजों के प्रदर्शन से उत्साहित लगभग 60 हजार दर्शकों को चेतेश्वर पुजारा (55) और विराट कोहली (नाबाद 59 रन) ने निराश नहीं होने दिया। इन दोनों ने तीसरे विकेट के लिये 94 रन की साझेदारी की। स्टंप उखड़ने के समय कोहली के साथ दूसरे छोर पर अजिंक्य रहाणे 23 रन बनाकर डटे थे। इशांत (12 ओवर में 22 रन देकर पांच विकेट) ने पिछले 12 वर्षों में पहली बार भारतीय सरजमीं पर पारी में पांच विकेट लिये। उमेश यादव ने अपनी तेजी से बांग्लादेशी बल्लेबाजों को परेशान करके सात ओवर में 29 रन देकर तीन विकेट लिये जबकि मोहम्मद शमी ने घातक गेंदबाजी की और 36 रन देकर दो विकेट लिये। शमी के दो खतरनाक बाउंसर से लिटन दास (24 रिटायर्ड हर्ट) और नईम हसन को सिर में चोट लगने के कारण बाहर होना पड़ा और उनकी जगह स्थानापन्न खिलाड़ियों ने ली।
बांग्लादेश की पहली पारी केवल 30.3 ओवर तक चली। उसके केवल तीन बल्लेबाज दोहरे अंक में पहुंचे। लिटन के अलावा शादमान इस्लाम ने 29 और नईम हसन ने 19 रन बनाये। विशेषज्ञ स्पिनर रविंद्र जडेजा ने केवल एक ओवर किया जबकि एक अन्य स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने एक भी ओवर नहीं किया। भारत के दिन रात्रि टेस्ट मैच में खेलने को लेकर क्रिकेट जगत में काफी चर्चा है। तेज गेंदबाजों ने शुरू में उसकी मैच पर पकड़ मजबूत कर दी। बांग्लादेश को दो ‘कनकशन सब्स्टीट्यूट‘ लेने पड़े। बांग्लादेश की बल्लेबाजी ही खराब नहीं रही बल्कि उसका क्षेत्ररक्षण भी अच्छा नहीं रहा। रोहित का अल अमीन ने स्क्वायर लेग पर आसान कैच टपकाया।
ईडन गार्डन्स पर कई उम्दा पारियां खेलने वाले रोहित (21) हालांकि इसका फायदा नहीं उठा पाये और चाय के विश्राम के बाद इबादत हुसैन (61 रन देकर दो विकेट) की गेंद पर पगबाधा आउट होकर पवेलियन लौटे। भारत ने चाय के विश्राम से पहले मयंक अग्रवाल (14) का विकेट गंवाया था जिन्होंने अल अमीन की गेंद पर गली में कैच थमाया था। पुजारा और कोहली को हालांकि बांग्लादेशी आक्रमण के सामने किसी तरह की दिक्कत नहीं हुई। कोहली ने इस बीच कप्तान के रूप में 5000 टेस्ट रन पूरे किये। यह कारनामा करने वाले वह भारत के पहले और दुनिया के छठे कप्तान बने। पुजारा पहले अर्धशतक तक पहुंचे जो उनका टेस्ट क्रिकेट में 24वां पचासा है, लेकिन वह फिर से अच्छी शुरुआत को शतक में बदलने में नाकाम रहे और इबादत की तेजी से उठती गेंद पर स्लिप में कैच दे बैठे। इबादत ने रोहित और पुजारा को आउट करने के बाद ‘सैल्यूट’ मारा।
कोहली ने इसी गेंदबाज पर चौका जड़कर अपना 23वां टेस्ट अर्धशतक पूरा किया। इससे पहले भारतीय तेज गेंदबाजों ने लगातार दूसरे मैच में बांग्लादेशी बल्लेबाजों की कमजोरियों को खुलासा किया। इसके अलावा खचाखच भरे स्टेडियम में भी उसके बल्लेबाज किसी समय सहज स्थिति में नहीं दिखे। स्थिति यह थी उसके तीसरे, चौथे और पांचवें नंबर (कप्तान मोमीनुल हक, मोहम्मद मिथुन और मुशफिकुर रहीम) खाता भी नहीं खोल पाये। लंच 22वें ओवर में लिया गया जब लिटन रिटायर्ड हर्ट हो गये। मोहम्मद शमी की गेंद उनके हेलमेट पर लगी। भारत को पहली सफलता इशांत ने दिलायी। उन्होंने इमरूल कायेस को पवेलियन भेजा।
इसके बाद उमेश ने तीन गेंद के भीतर दो विकेट लिये। मोमिनुल का शानदार कैच रोहित ने लपका जबकि मोहम्मद मिथुन को उन्होंने बोल्ड किया। महमूदुल्लाह का दर्शनीय कैच विकेट के पीछे ऋद्धिमान साहा ने लिया। यह उनका टेस्ट मैचों में 100वां शिकार भी था। इशांत ने मेहदी हसन के रूप में अपना पांचवां विकेट लिया। यह 2007 के बाद पहला अवसर है जबकि इस तेज गेंदबाज ने घरेलू सरजमीं पर पारी में पांच या इससे अधिक विकेट लिये। इस बीच उन्होंने 30 टेस्ट मैच खेले। लिटन के स्थानापन्न के रूप में मेहदी हसन बल्लेबाजी के लिये उतरे लेकिन केवल आठ रन ही बना पाये। मेहदी मूल रूप से गेंदबाज हैं लेकिन वह गेंदबाजी नहीं कर पाएंगे। इससे बांग्लादेश की टीम प्रबंधन की अतिरिक्त बल्लेबाज नहीं रखने की अव्यवस्था भी उजागर हुई।
