श्रीलंका के खिलाफ सोमवार को नागपुर में खेले गए टेस्ट मैच में लाहिरु गमागे का विकेट चटकाने के साथ ही स्पिनर आर अश्विन ने बेहद ही शानदार रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है। आर अश्विन टेस्ट मैचों में सबसे तेज 300 विकेट्स लेने वाले गेंदबाज बन गए हैं। उन्होंने ये कारनामा महज 54 टेस्ट मैचों में कर दिखाया। अश्विन ने गमागे के रूप में अपना 300वां विकेट लिया। पहले ये रिकॉर्ड ऑस्ट्रेलिया के गेंदबाज डेनिस लिली के नाम था, उन्होंने 56 टेस्ट मैचों में 300 विकेट्स लिए थे, लेकिन अश्विन ने उनका यह रिकॉर्ड तोड़ते हुए महज 54 टेस्ट मैचों में यह कारनामा कर दिखाया।

इंडियन क्रिकेट टीम के लिए साल 2011 से खेलना शुरू करने वाले गेंदबाज आर अश्विन टेस्ट मैच के बेहतरीन प्लेयर हैं। अश्विन भले ही वनडे और टी-20 सीरीज में टीम इंडिया की तरफ से कम खेलते हों, लेकिन वे टेस्ट क्रिकेट में कप्तान विराट कोहली के बेहतरीन खिलाड़ियों में से एक हैं। अश्विन के करियर का ग्राफ साल 2014 में थोड़ा नीचे की ओर आ गया था, जब उन्होंने पूरे साल भर में केवल 10 विकेट्स ही लिए थे, लेकिन उन्होंने 2015 में शानदार वापसी करते हुए 9 टेस्ट मैचों में 62 विकेट्स चटकाए और 2016 में 12 मैचों में 72 विकेट्स लिए। वहीं इस साल उन्होंने अभी तक 50 विकेट्स झटकाए हैं। इससे पहले भी अश्विन ने इस साल लिली का सबसे तेज 250 विकेट्स लेने का रिकॉर्ड तोड़ा था। इस साल की शुरुआत में बांग्लादेश के खिलाफ खेले गए टेस्ट मैच में अश्विन सबसे तेज 250 विकेट्स चटकाने वाले क्रिकेटर बने थे।

अश्विन मात्र एक मैच से सबसे तेज 200 टेस्ट विकेट्स लेने के रिकॉर्ड से चूक गए। ऑस्ट्रेलिया के क्लेरी ग्रिमेट ने 36 टेस्ट मैचों में 200 विकेट्स झटके थे तो वहीं यह कारनामा करने में अश्विन को 37 मैच खेलने पड़े। इस लिहाज से अश्विन दूसरे सबसे तेज 200 टेस्ट विकेट्स लेने वाले गेंदबाज हैं। वहीं तीसरे स्थान पर लिली हैं, उन्होंने 38 मैचों में 200 विकेट्स लिए थे।

बता दें कि अपने गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन के दम पर भारत ने विदर्भ क्रिकेट संघ स्टेडियम में खेले गए दूसरे टेस्ट मैच के चौथे दिन श्रीलंका को दूसरे सत्र की समाप्ति से पहले ही एक पारी और 239 रनों से हरा दिया। श्रीलंका की दूसरी पारी 166 रनों पर ही सिमट गई। इस जीत के साथ ही भारत ने तीन टेस्ट मैचों की इस सीरीज में 1-0 से बढ़त ले ली है। उल्लेखनीय है कि दोनों टीमों के बीच कोलकाता में खेला गया पहला टेस्ट मैच ड्रॉ हुआ था।