भारत के स्टाइलिश बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा को आईपीएल में मौका नहीं दिया गया, लेकिन वह विदेशी धरती पर अपनी बेहतरीन बल्लेबाजी से सबको प्रभावित कर रहे हैं। पुजारा इन दिनों इंग्लैंड में काउंटी क्रिकेट खेल रहे हैं। वह यॉर्कशायर की टीम की ओर से वूरस्टशायर के खिलाफ मैदान में उतरे थे। उनकी टीम को जीत के लिए 351 रनों का लक्ष्य मिला था। वूरस्टशायर की ओर से ट्रेविस हेड ने 77, रॉस व्हिटली ने 66, जो क्लार्क ने 61 और बेन कॉक्स ने 50 रनों की अर्धशतकीय पारी खेली थी। चार अर्धशतकीय पारी की मदद से वूरस्टशायर ने 350 रन का स्कोर खड़ा किया था। यॉर्कशायर को जीत के लिए 351 रनों का विशाल लक्ष्य मिला था। ओपनर बल्लेबाजों ने टीम को ठोस शुरुआत दी थी। यॉर्कशायर का पहला विकेट 77 के स्कोर पर गिरा था। दूसरे विकेट के लिए 101 रनों की साझेदारी हुई थी। पुजारा ने बेहतरीन बल्लेबाजी का प्रदर्शन करते हुए 94 बॉल में शानदार 101 रनों की पारी खेली। वहीं, सलामी बल्लेबाज कोहलर-कैडमोर ने 89 रनों की उपयोगी पारी खेली थी। इसके बावजूद दिलचस्प मुकाबले में यार्कशायर की टीम नौ विकेट के नुकसान पर 346 रन ही बना पाई। इस तरह पुजारा की टीम को 4 रन से हार का सामना करना पड़ा।

चेतेश्वर पुजारा का विकेट जब गिरा था, उस वक्त यॉर्कशायर जीत के लक्ष्य से 92 रन दूर थी। निचले क्रम के बल्लेबाजों की उपयोगी पारी से मैच बेहद दिलचस्प मोड़ पर आ गया था, लेकिन वूरस्टशायर के गेंदबाज यॉर्कशायर को लक्ष्य से चार पहले ही रोकने में कामयाब रहे। एडवर्ड बर्नार्ड ने 75 रन देकर तीन महत्वपूर्ण विकेट चटकाए थे। इससे पहले वूरस्टशायर की ओर से बेन कॉक्स ने तूफानी पारी खेलते हुए महज 33 बॉल में ही पचासा ठोक दिया था। इससे उनकी टीम ने 350 रन का विशाल स्कोर खड़ा करने में कामयाब रही थी। इस जीत के साथ ही वूरस्टशायर नॉर्थ ग्रुप में शीर्ष पर पहुंच गई है। बता दें कि चेतेश्वर पुजारा को आमतौर पर टेस्ट क्रिकेट का बल्लेबाज माना जाता है। इसलिए वनडे और T20 में उन्हें नियमित तौर पर मौका नहीं दिया जाता है, लेकिन टेस्ट मैचों में उन्हें वरियता दी जाती है। भारतीय बल्लेबाज अमतौर पर काउंटी क्रिकेट में हिस्सा लेते रहते हैं, ताकि पश्चिमी देशों की पिचों और वहां की परिस्थितियों के अनुकूल खुद को ढाल सकें।